झांसी। नार्थ सेंट्रल रेलवे इंप्लाइज संघ की मंडलीय परिषद सभा में केंद्र सरकार की कर्मचारी विरोधी नीतियों को कोसा गया। रेल नेताओं ने कहा कि सरकार श्रमिक संगठनों को कमजोर करने का काम कर रही है।
इस अवसर पर एनएफआईआर के संयुक्त महामंत्री व जोनल महामंत्री आरपी सिंह ने कहा कि सरकार ने संसद में औद्योगिक संबंध कोड 2020 को बिना चर्चा के लागू कर श्रमिक संगठनों को कमजोर करने का काम किया है। महंगाई भत्ता/ महंगाई राहत के भुगतान पर रोक लगा दी गई। रिक्तियां न भरकर कर्मचारियों को पदोन्नति से वंचित किया जा रहा है। रेलगाड़ियों के निजीकरण का संघ पुरजोर विरोध कर रहा है। मंडल अध्यक्ष रामकुमार सिंह ने कहा कि ग्रुप सी व ग्रुप डी के कर्मचारियों को बिना सीलिंग कर रात्रि भत्ता मिलना चाहिए।
ट्रेनों का संचालन निजी हाथों में देना बंद होना चाहिए। मंडल मंत्री भानु प्रताप सिंह चंदेल ने कहा कि न्यू पेंशन स्कीम को रद्द होना चाहिए। जो विभाग कर्मचारियों से 12 घंटे ड्यूटी करा रहे हैं उसे आठ घंटे होना चाहिए। नीलम सिंह, संजीवन राय, विजय सिंह, नीरज दुबे, संजीव नायक, केएस शुक्ला, महेंद्र सेन, राजेश गुप्ता, अनिल शर्मा, कामता प्रसाद साहू, एसके सिंह, केके त्रिपाठी, प्रेमचंद्र मीणा, सुधीर सक्सेना ने विचार व्यक्त किए। आभार मंडल मीडिया प्रभारी उमर खान ने व्यक्त किया।