फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

स्मार्ट सिटी : 300 करोड़ की परियोजनाएं धरातल पर उतरीं

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन

अमर उजाला ब्यूरो



झांसी। साल 2024 में स्मार्ट सिटी की लगभग 300 करोड़ से ज्यादा की परियोजनाएं धरातल पर उतरीं। नगर निगम ने भी बिजौली ताल संवारने से लेकर प्रमुख मार्गों के निर्माण और वायु गुणवत्ता सुधारने के लिए भी काम किया। शहर को पहली मल्टीलेवल कार पार्किंग की भी सौगात मिली। हालांकि, कुछ परियोजनाएं लोकार्पण के इंतजार में तो कुछ टेंडर प्रक्रिया पूरी न होने से शुरू नहीं हो पाई हैं।

नगर निगम ने 15वें वित्त आयोग से इलाइट चौराहे से मेडिकल कॉलेज गेट नंबर एक तक अलग-अलग पैच में 11.74 करोड़ से आइकोनिक रोड बनवाई गई है। राष्ट्रीय स्वच्छ वायु कार्यक्रम यानी एनकैप के तहत नगर निगम को इस साल स्वच्छ वायु सर्वेक्षण में देश के 131 शहरों में तीन से 10 लाख की आबादी में तीसरा स्थान प्राप्त हुआ है। 25 लाख राशि और प्रमाणपत्र से निगम अधिकारियों को पुरस्कृत भी किया गया है।
विज्ञापन




इसके अलावा, एनकैप योजना के तहत वायु गुणवत्ता सुधारने के लिए पांच जगहों पर मियावाकी पद्धति से पौधरोपण, बल्लमपुर रोड से बिजौली ताल तक 64.12 लाख से सड़क का चौड़ीकरण, कई वार्डों में 2.66 करोड़ से वायु प्रदूषण सुधारने का काम कराया गया है। निगम ने नौ करोड़ से बिजौली ताल को संवारा है। यहां बच्चों के लिए झूले, पाथवे, सीढि़यां आदि बनी हैं। बिजौली में 6.90 करोड़ से सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट की स्थापना हुई है। कान्हा उपवन गोवंश आश्रय स्थल को जीवंत गोवंश संग्रहालय और गो पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है। यहां आकर पर्यटक बैलगाड़ी की सवारी से लेकर कोल्हू, बैलों द्वारा कुएं से पानी निकालने के लिए रहट आदि देख सकते हैं।

स्मार्ट सिटी के तहत ये प्रमुख काम कराए गए

नगर निगम के ठीक बगल में 25 करोड़ से मल्टीलेवल कार पार्किंग और भूतल पर 25 दुकानों का निर्माण कराया गया है।



शिक्षा और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए 47.61 करोड़ से स्पेस म्यूजियम बनवाया गया है। अब तक 16,856 लोग यहां आ चुके हैं।

युवाओं के रोजगार और स्टार्टअप को बढ़ावा देने के लिए 29.41 करोड़ से इंक्यूबेशन सेंटर बनकर तैयार है। स्टार्टअप को तकनीकी शिक्षा के साथ-साथ वित्तीय सहायता भी मिल रही है।



कायाकल्प योजना के तहत शिक्षा के क्षेत्र में मूलभूत संरचनाओं, शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए 74 प्राथमिक विद्यालयों में स्मार्ट क्लासेस बनवाई हैं। 57 प्राथमिक विद्यालयों में छात्रों के लिए फर्नीचर की व्यवस्था कराई है।

खेलों को बढ़ावा देने के लिए जीआईसी में 27.09 करोड़ से मिनी स्टेडियम बनाया गया है। यहां क्रिकेट, फुटबॉल मैदान के साथ-साथ रनिंग ट्रैक, बैडमिंटन कोर्ट आदि की स्थापना की गई है।



- 10 करोड़ से राजकीय संग्रहालय का जीर्णोद्धार हुआ है। यहां आने वाले लोग वर्चुअल हेलीकॉप्टर राइड, टाइम मशीन, वर्चुअल साइकिल राइड, कॉइन डिस्प्ले, डिजिटल बायोस्कोप आदि का आनंद ले रहे हैं।

- मेडिकल कॉलेज में स्मार्ट सिटी के तहत पांच करोड़ से स्मार्ट टीबी सेंटर और लेबर रूम की स्थापना की गई है। यहां हर तरह की टीबी की जांच हो सकेगी।



- 98.47 करोड़ से पीपीपी मोड पर स्मार्ट सिटी के तहत आरटीओ कार्यालय के पास पैथोलॉजी और डायग्नोस्टिक सेंटर की स्थापना की गई है। यहां पर रियायती दरों पर लोगों की पैथोलॉजी जांच और डायग्नोस्टिक की सुविधा मिलेगी।
विज्ञापन


- 40 करोड़ से लक्ष्मीताल का सुंदरीकरण कराया गया है। इसे पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जा रहा है।




झांसी में इस साल स्मार्ट सिटी लिमिटेड और नगर निगम की 300 करोड़ की परियोजनाएं का काम पूरा हुआ है। इन योजनाओं से स्वास्थ्य, शिक्षा की सुविधाएं बेहतर होने के साथ-साथ पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा। - सत्य प्रकाश, नगर आयुक्त/ सीईओ, स्मार्ट सिटी।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें