संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। शादी के छह माह बाद बृहस्पतिवार को इकलौते बेटे का शव रसोई घर के रोशनदान में फंदे पर लटकता मिला। पत्नी के मायके में चल रहे कार्यक्रम में वह पिता के साथ शामिल हुआ था। वहां से लौटने के बाद उसने घातक कदम उठाया। पिता ने बताया कि बहू के मायकेवालों ने बेटे व उसे गाली दी गई थी। इससे बेटा परेशान था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।
बरुआसागर में रहने वाले शिवचरण अहिरवार के बेटे विकास अहिरवार (21) गुजरात की फैक्ट्री में काम करता था। पिता शिवचरण ने बताया कि छह माह पहले विकास की शादी मध्य प्रदेश के चुरारा गांव में रहने वाली भारती के साथ हुई थी। बहू के घर पर पारिवारिक कार्यक्रम होने के कारण 5 दिन पहले वह बेटा-बहू के साथ वहां गए थे।
वहां बहू के एक रिश्तेदार ने उसे व बेटे से अभद्रता कर गाली देने लगा। विवाद होने पर वे घर लौट आए। शिवचरण ने बताया कि वह दो दिन पहले बेटी को साथ लेकर पैतृक गांव हीरापुरा जिला निवाड़ी गया था। घर पर बेटा विकास, पत्नी राजकुमारी व बड़ी बेटी पूनम थी। रात में सभी खाना खाकर सो गए। बृहस्पतिवार सुबह पूनम जागी तो देखा विकास का शव फंदे पर लटक रहा है। पूनम की चीख सुनकर सभी लोग मौके पर जुटे और शव को नीचे उतारा। सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गई। परिजन युवक को लेकर मेडिकल कॉलेज पहुुंचे, जहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं, विकास की मौत पर पत्नी भारती मायकेवालों के साथ पोस्टमार्टम हाउस पहुंची। उसने कहा कि मायके में पति व ससुर के साथ कोई गाली-गलौज नहीं की गई थी। शादी के बाद सब-कुछ ठीक चल रहा था। थानाध्यक्ष बरुआसार राहुल राठौर ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है। अभी कोई तहरीर नहीं मिली है।