झांसी। कारगिल में चांद दिखने पर शिया मुस्लिमों ने बुधवार को ईद-उल-फितर की नमाज अदा की और पाक-परवर-दिगार क ी इबादत में सजदा कर देश में अमन चैन की दुआ मांगी। नमाज उपरांत सभी ने गले मिलकर एक-दूसरे को ईद की बधाई दी।
नई बस्ती स्थित शिया मस्जिद ईदगाह में सुबह से ही नमाजी ईद की नमाज अदा करने के लिए अपने-अपने बच्चों के साथ उमड़ने लगे। सुबह नौ बजे मौलाना सैयद शाने हैदर जैदी ने नमाज अदा कराई। उन्होंने तकरीर में कहा कि ईद का मतलब है खुशी, जो हमें रमजान उल मुबारक के पाक महीने की इबादतों और रोजे के बाद मिलती है। ईद पर खुदा से अमन, सुकून, खुशहाली व बरकत के लिए दुआ मांगते है। उन्होंने कहा कि रिश्तेदारों, दोस्तों, पड़ोसियों व अजीम वतन का हक अदा करे, यही सच्ची ईद है। उन्होंने बताया कि जम्मू-कश्मीर के कारगिल क्षेत्र में चांद दिखने पर शिया समाज द्वारा बुधवार को ईद मनाई गई।
सैयद शहनशाह हैदर आब्दी ने कहा कि इस्लाम समाजवादी दृष्टिकोण का पक्षधर है। शाह हो या फकीर ईद सबकी होनी चाहिए। इस्लाम समाज के हर तबके का ख्याल रखता है। मौलाना सैयद फरमान अली ने कहा कि ईमानदारी से इबादत करे और गरीबों की मदद करे, तभी ईद मनाना सार्थक होगा।
इस अवसर पर सैय्यद गजनफर हुसैन, पुलिस अधीक्षक सिटी दिनेश कुमार सिंह, क्षेत्राधिकारी शहर कल्याण सिंह, उमेश त्यागी, कोतवाल आशीष मिश्र, मौलाना इक्तिदार हुसैन, मुकुल सिंह, हाजी मोहम्मद सईद, हाजी शाहिद हुसैन, अली हसन जाफरी, सगीर मेहंदी, निसार हैदर, इं. काजिम रजा, आबिद रजा, इजहार अली, इं. अजीज हैदर, अख्तर हुसैन, मुख्तार अली, इरशाद रजा, आफताब आलम आदि मौजूद रहे।