वर्ष प्रतिपदा के अनुक्रम में दो उत्सव हैं। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संस्थापक डा. केशव बलराम हेडगेवार का आज के ही दिन जन्मोत्सव मनाया जाता है, वहीं दूसरी तरफ सृष्टि का दिवस भी आज के दिन ही मनाया जाता है। भारतीय कालगणना पूर्णत: वैज्ञानिक है। कालगणना के साथ वैज्ञानिकता परिलक्षित होती है। यह कहना है आरएसएस के प्रांत बौद्धिक प्रमुख अमरनाथ का। शनिवार को वह लक्ष्मी व्यायाम मंदिर में नववर्ष प्रतिपदा उत्सव के अवसर पर मुख्य वक्ता के रूप में स्वयंसेवकों को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि दूसरा दिवस विजयादशमी के दिन विशेष माना जाता है। विजयदशमी पर ही आरएसएस का स्थापना दिवस मनाया जाता है। संघ की शाखा से महान पुरुषों का निर्माण होता है। युग के अनुकूल हमारी संस्कृति परिवर्तित होती है। स्वयंसेवक जिन गीतों को गाता है, वे सभी प्रकृति के सृजन व परिवर्तन को इंगित करते हैं। इतनी श्रेष्ठ संस्कृति है। दैत्य और दानव वृत्तियां हैं व्यक्ति नहीं। धर्म और अधर्म का संघर्ष अनवरत चला है। इस मौके पर विभाग संघ चालक राजेश्वर दयाल, महानगर संघ चालक सतीश शरण अग्रवाल, क्षेत्र शारीरिक प्रमुख गजेंद्र, सह प्रांत कार्यवाह अनिल श्रीवास्तव, प्रांत मार्ग प्रमुख कुलदीप, प्रांत सह शारीरिक प्रमुख बृजेंद्र, विभाग संघ चालक शिवकुमार, सह विभाग कार्यवाह जयसिंह, विभाग प्रचारक अजय, महानगर प्रचारक यशवीर, महानगर कार्यवाह चौधरी धर्मेंद्र, मुख्य शिक्षक राहुल उपस्थित रहे।