झांसी। ओवरलोडिंग सड़कों का सीना जख्मी कर रही है। सड़कें उम्र से पहले बूढ़ी हो रही हैं। सड़कों की यह बदहाल तस्वीर कानपुर रोड पर देखी जा सकती है। ट्रकों व डंपरों के बोझ से कानपुर की ओर जाने वाला मार्ग कई स्थानों पर धंस गया है। इसके अलावा इस सड़क पर जगह-जगह पैचवर्क भी दिखाई देता है। बावजूद, ओवरलोडिंग थमने का नाम नहीं ले रही है।
झांसी में खनिज संपदा का अकूत भंडार है। यहां से यूपी के विभिन्न जनपदों व अन्य प्रदेशों में भी बालू व गिट्टी भारी मात्रा में भेजी जाती है। रोजाना सैकड़ों ट्रकों व डंपरों से इसका परिवहन होता है। इन गाड़ियों में क्षमता से कहीं अधिक माल लादा जाता है। बीस टन क्षमता की गाड़ियों से चालीस टन तक माल ढोया जाता है।
मुनाफाखोरी की यह प्रवृत्ति सड़कों पर भारी पड़ रही है। सड़कें समय से पहले दम तोड़ रही हैं। कानपुर रोड फोर लेन पर इसकी बानगी देखने को मिलती है। चूंकि, झांसी से कानपुर की ओर बालू व गिट्टी से लदी गाड़ियां जाती हैं, जिससे यह सड़क जगह-जगह धंस गई है। सड़क पर कटाव आ गए हैं।
यह राहगीरों के लिए घातक साबित हो रहे हैं। इनसे गाड़ी पलटने का खतरा बना रहता है। जबकि, कानपुर की ओर से आने वाले ज्यादातर ट्रक /डंपर खाली आते हैं, जिससे इस रूट की सड़क अब भी सपाट है।
2,388 गाड़ियों से 5.51 करोड़ जुर्माना
झांसी। ओवरलोडिंग पर अंकुश को परिवहन विभाग ने चालू वित्तीय वर्ष के 10 महीनों में 2,388 गाड़ियों पर कार्रवाई की है। ओवरलोडिंग पकड़े जाने पर विभाग ने 5.51 करोड़ रुपये जुर्माना वसूला है। मालूम हो कि परिवहन विभाग ओवरलोडिंग पर दो हजार रुपये जुर्माना लेता है। इसके अलावा ओवरलोड माल पर प्रति टन एक हजार रुपये के हिसाब से जुर्माना लगाया जाता है।
रात में पकड़ीं 13 गाड़ियां
झांसी। बीती रात पुलिस, प्रशासन, परिवहन व खनिज विभाग की संयुक्त ने मोंठ व गरौठा क्षेत्र में अभियान चलाया। इस दौरान दो ट्रैक्टर समेत 13 गाड़ियों में ओवरलोडिंग पकड़ी गई। इनमें तीन वाहनों में सीमेंट थी, जबकि अन्य सभी गाड़ियों में बालू /गिट्टी लदी हुई थी।
‘ओवरलोडिंग पर शासन सख्त है। इसकी रोकथाम के लिए विभाग द्वारा प्रशासन व पुलिस के साथ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। आने वाले दिनों में इसमें और तेजी जाएगी।’
- सर्वेश कुमार सिंह, एआरटीओ