रेलवे टिकट किराया वापसी के लिए तीसरे दिन भी पैसे का इंतजाम नहीं कर सका। आज सुबह से ही आरक्षण कार्यालय में टिकट निरस्त कराने वालों की भीड़ है। लेकिन पैसा न होने के कारण वे सब इंतजार में बैठे हैं। अधिकांश लोग दूरदराज क्षेत्र से टिकट निरस्त कराने आए हैं। कई लोगों का आरक्षण कर्मियों के साथ झगड़ा भी हो गया। कोरोना वायरस के चलते रेलवे ने 23 मार्च से ट्रेनों का संचालन पूरी तरह बंद कर रखा है। लॉकडाउन में दूसरे शहरों में फंसे लोगों को राहत देने के लिए 12 मई से स्पेशल ट्रेनों का संचालन शुरू किया गया, जो अब 30 जून तक जारी रहेगा। वहीं, 25 मई से रेलवे ने 23 मार्च से 30 जून के बीच बनवाए गए टिकटों का निरस्तीकरण शुरू कर दिया है। 25 मई को ईद के कारण टिकट निरस्त कराने बहुत कम लोग पहुंचे थे। 26 मई को रेलवे के पास पैसे न होने के कारण अधिकांश लोगों के टिकट निरस्त नहीं हो सके। यही स्थिति आज सुबह से भी बनी हुई है। आरक्षण कार्यालय में टिकट निरस्त कराने वालों की सुबह से भीड़ है । मगर जो टिकट बन रहे हैं, उससे होने वाली आय से ही किराया वापसी की जा रही है। इस कारण किराया वापसी लेने वाले लोगों को घंटों इंतजार करना पड़ रहा है। इस अव्यवस्था के कारण भीषण गर्मी में दूरदराज से आए लोग बेहद परेशान हो रहे हैं।