निजीकरण के विरोध में विरोध प्रदर्शन जारी रहा।
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झांसी। पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम के प्रस्तावित निजीकरण के विरोध में विद्युत कर्मचारी संयुक्त समिति का धरना प्रदर्शन बृहस्पतिवार को भी मुख्य अभियंता कार्यालय पर जारी रहा। धरने में केंद्रीय पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया।
इस मौके पर बिजली कर्मचारी संघ के प्रांतीय महामंत्री महेंद्र राय ने कहा कि सरकार झूठ बोलने पर आमादा है। सरकार शहरी क्षेत्रों का पूरी तरह निजीकरण करना चाहती है। इस नीति के कारण लोगों के भविष्य से खिलवाड़ होगा। राज्य विद्युत परिषद जूनियर इंजीनियर्स संगठन के केंद्रीय महासचिव इंजी. जयप्रकाश ने कहा कि आज लड़ाई पूर्वांचल को निजीकरण से बचाने की है। जिसका मकसद लोकतंत्र को बचाना है। निजीकरण जहां एक तरफ सरकारी कर्मचारियों पर आर्थिक संकट उत्पन्न करेगा, दूसरी तरफ सरकारी विभागों में अपना भविष्य तलाश रहे युवाओं को रोजगार मिलना मुश्किल हो जाएगा। राज्य विद्युत परिषद अभियंता संघ के केंद्रीय अध्यक्ष वीपी सिंह ने कहा कि अब समय भटकने का नहीं संगठित होने का है। प्रदर्शन में मुख्य अभियंता वितरण मनोज कुमार पाठक, अधीक्षण अभियंता अजय कपूर, एसआर गर्ग, जेपीएन सिंह, अधिशासी अभियंता रविंद्र बाबू, शैलेंद्र कटियार, राजवीर सिंह, अनुभव कुमार, डी यादवेंदु, एके माथुर, सहायक अभियंता चंद्रेश तोमर, शोभित दीक्षित, आलोक प्रकाश, गौरव शर्मा, कन्हैया लाल, अवर अभियंता सुनील कुमार, दिग्विजय सिंह, रोहित, एमएम सिद्दीकी मौजूद रहे।