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पॉलीटेक्निक छात्रावास में भेदभाव

Mon, 10 Oct 2016 11:52 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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polytechnic news jhansi - फोटो : demo
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पॉलीटेक्निक कॉलेज के छात्रावास में अनुशासन के नाम पर छात्राओं से भेदभाव किया जा रहा है। महिला पॉलीटेक्निक के छात्रावास में अनुशासन के नाम पर छात्राओं को मोबाइल रखने पर प्रतिबंध लगाया गया है, जबकि बगल में ही स्थित लड़कों के छात्रावास में इस तरह का कोई प्रतिबंध नहीं है।
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देश की लड़कियां भले ही विभिन्न क्षेत्रों में पुरुषों को पीछे छोड़कर आगे बढ़ रही हों, लेकिन अभी भी उन्हें बराबरी के मुंह ताकना पड़ रहा है।
 शहर के महिला पॉलीटेक्निक में इसकी बानगी देखने को मिल रही है। वीरांगना झलकारी बाई महिला पालीटेक्निक के हॉस्टल में रहने वाली लड़कियों के लिए मोबाइल रखने और उसके प्रयोग पर प्रतिबंध है। वहीं, बगल में ही लड़कों के छात्रावास में अनुशासन के नाम पर कोई नियम नहीं है। हॉस्टल में रहने वाली छात्राओं में इस प्रतिबंध का विरोध है,
   लेकिन वे परीक्षा के अंक प्रभावित होने के डर से इसका विरोध नहीं करती हैं। अपने कॅरियर की चिंता में छात्राएं चुपचाप भेदभाव को स्वीकारने के लिए मजबूर हैं।
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        नाम न छापने की शर्त पर यहां अध्ययनरत कुछ छात्राओं ने बताया कि हॉस्टल में न सिर्फ मोबाइल प्रतिबंधित है, वहीं उनको अपनी मर्जी से बाहर भी नहीं निकलने दिया जाता है।

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अनुशासन के लिए जरूरी 
यह कदम छात्रावास व कॉलेज में अनुशासन बनाए रखने के लिए उठाया गया है। हम कॉलेज व छात्रावास दोनों का माहौल खराब होने से बचाना चाहते हैं। लड़कियों को बात करने के लिए लैंडलाइन फोन और इंटरनेट के लिए कंप्यूटराें की व्यवस्था की गई है।
जगजीवन लोनी, प्राचार्य वीरांगना झलकारी बाई महिला पॉलीटेक्निक। 

सबके लिए बराबर हों नियम
अगर अनुशासन के नियम लड़कियों पर लागू होते हैं, तो इन्हें लड़कों पर भी लागू होना चाहिए। अगर लड़कों को मोबाइल दिया जाता है तो लड़कियों पर प्रतिबंध गलत है। अगर जरूरी है तो फिर छात्रावास में लड़कों पर भी मोबाइल रखने के लिए प्रतिबंध होना चाहिए। 
अपर्णा दुबे, अध्यक्ष जेसीआई वीरांगना। 

बोली पूर्व छात्रा
हॉस्टल में मोबाइल रखना तो प्रतिबंधित है ही, इसके अलावा अगर किसी से मिलने के लिए हॉस्टल से बाहर जाना पड़े तो उसके लिए भी काफी पापड़ बेलने पड़ते है। अगर लड़कों पर भी यह सब लागू हो तो हमें नियमों से परेशानी नहीं है।
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 -रागनी राजपूत, पूर्व छात्रा महिला पॉलीटेक्निक कॉलेज। 
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