शासन ने बुंदेलखंड विश्वविद्यालय में स्ववित्त पोषित योजनांतर्गत कार्यरत अतिथि शिक्षकों से भी रिकवरी के आदेश दिए हैं। ऑडिट रिपोर्ट में अतिथि शिक्षकों को रविवार का भी भुगतान करने की बात सामने आई है। शासन ने रिकवरी से पूर्व अतिथि शिक्षकों से निर्देश दिखाने व अभिलेखों की पुष्टि कराने की बात कही है। संतुष्ट न होने पर सभी से वसूली की जाएगी।
गौरतलब है कि ऑडिट रिपोर्ट में पद के लिए अयोग्य की नियुक्ति और वेतन से अधिक भुगतान करने की बात सामने आने के बाद शासन ने तीन कार्यालय अधीक्षकों से रिकवरी के आदेश जारी करते हुए विश्वविद्यालय से आख्या मांगी है। एक अनुभाग अधिकारी से 2.40 लाख रुपये जबकि अन्य दो से 32-32 हजार रुपये की रिकवरी के आदेश हैं। इसी मामले में कुछ अतिथि शिक्षकों से भी रिकवरी के आदेश हैं। आदेश में अतिथि शिक्षकों के वास्तविक व्याख्यानों को अधिक दर्शाने के कारण मानदेय का अधिक भुगतान करने की बात कही गई है। सूची में ऐसे 6 अतिथि शिक्षकों के नाम शामिल हैं, जिनसे 15,930 रुपये की रिकवरी होनी है। शिक्षकों से संबंधित निर्देशों की प्रतियां प्रस्तुत करने को कहा गया है। अन्यथा उनसे अधिक भुगतान की वसूली होगी। इसके अलावा एसएफएस योजनांतर्गत कार्यरत अतिथि शिक्षकों की पत्रावलियां एवं बिलों के अनुसार रविवारीय अवकाशों की तिथियों को भी शामिल करते हुए शिक्षकों को मानदेय का अधिक भुगतान किया गया था। सूची में ऐसे नौ अतिथि शिक्षकों के नाम शामिल हैं, जिनसे करीब 7,560 रुपये की वसूली की जानी है। उक्त शिक्षकों से अभिलेखों की पुष्टि कराने को कहा गया है।