शहर के बाजारों में लगने वाले जाम की समस्या को दूर करने के लिए यातायात पुलिस ने खाका तैयार कर लिया है। पुलिस ने रूट मैप तैयार कर प्रशासन को सौंप दिया है। बाजारों से अतिक्रमण हटने के बाद इसे लागू कर दिया जाएगा।
शहर क्षेत्र के बाजारों की यातायात व्यवस्था बदहाल है। दिन भर गाड़ियों की आवाजाही बनी रहती है। उस पर बाजारों में व्यापक पैमाने पर अतिक्रमण भी पसरा हुआ है। पिछले दिनों यातायात पुलिस ने यह वन वे ट्रैफिक व्यवस्था का ट्रायल भी किया था, जो काफी हद तक सफल भी रहा, परंतु अतिक्रमण की वजह ये यातायात पुलिस की कवायद पूरी तरह से कामयाब नहीं हो पाई। नगर निगम की चार जनवरी के बाद अतिक्रमण हटाने की तैयारी है। 309 अतिक्रमणकारियों को चिह्नित भी किया गया है। इन्हें नोटिस जारी किए जा रहे हैं। इसके बाद अतिक्रमण हटा दिया जाएगा। वहीं, यातायात पुलिस ने बाजारों में वन-वे ट्रैफिक व्यवस्था का पूरा रूट प्लान तैयार कर जिला प्रशासन को सौंप दिया है। अतिक्रमण हटते ही इसे बाजार में लागू कर दिया जाएगा।
यह है प्लान
फिलहाल वन-वे के लिए मिनर्वा से बाजार के आने वाले वाहनों को जिला अस्पताल से होते हुए कोतवाली निकाला जाएगा। सराफा बाजार और नरिया बाजार से वाहनों को बड़ाबाजार के लिए निकाला जाएगा तथा आने के लिए वाहनों का ट्रैफिक सुभाषगंज से बाहर निकाला जाएगा। सुभाष गंज से आना वाला ट्रैफिक रानी महल से होते हुए मिनर्वा चौराहा निकाला जाएगा। बस स्टैंड से आने वाले वाहनों को भी सुभाष गंज के रास्ते निकाला जाएगा। बाजार के अंदर जाने के लिए कोतवाली के सामने से ही हो कर गुजरना होगा।
11 से 8 नो एंट्री
ट्रैफिक पुलिस के प्लान के अनुसार सुबह ग्यारह बजे से लेकर रात 8 बजे तक शहर के बाजारों में हाथ ठेले, तिपहिया और चौपहिया वाहनों का प्रवेश पूरी तरह से प्रतिबंधित रहेगा। टीएसआई सुभाष यादव ने बताया कि इसके लिए बाजार में पुलिस कर्मचारियों की संख्या बढ़ाई जाएगी। इसके अलावा सिंधी तिराहा से बड़ा बाजार जाने वाले मार्ग पर दो पहिया वाहनों का प्रवेश भी बंद रहेगा। इस रास्ते का उपयोग केवल पैदल चलने वाले ही कर सकेंगे।