झांसी। पुलिस अब फरियादियों को टालमटोल कर चलता नहीं कर सकेगी। पीड़ित जो भी शिकायत करेगा उसकी संवाद कक्ष में सीसीटीवी कैमरे में रिकार्डिंग होगी। शिकायतकर्ता की शिकायत संवाद कक्ष के अंदर ही सुनी जाएगी।
एसएसपी के पास लगातार फरियादी शिकायत कर रहे थे कि थानों पर सुनवाई नहीं हो रही है। पुलिस ने घटना की रिपोर्ट काटछांट करके अपने हिसाब से दर्ज कर ली है। इन शिकायतों पर अंकुश लगाने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शहर के थानों में संवाद रूम चालू करवाने जा रहे हैं। इन रूमों के बनने का काम नवाबाद, कोतवाली व सीपरी बाजार थाने में शुरू हो गया है।
इन कमरों में सीसीटीवी कैमरे भी लगाए जाएंगे, इसमें चौबीसों घंटे रिकार्डिंग होगी। संवाद रूम में फरियादियों के बैठने की व्यवस्था होगी। पेयजल, कागज, पेन आदि का भी बंदोबस्त होगा। संवाद रूम के लिए एक दारोगा थाने पर तैनात किया जाएगा, इसकी जिम्मेदारी होगी कि थाने पर आने वाले हर फरियादी को कमरे में बैठाकर ससम्मान बातचीत करें। उसकी पूरी बात को सुना जाएगा और फिर तहरीर लिखवाकर मुकदमा दर्ज करवाने की कार्रवाई करवाएं।
उन्होंने बताया कि संवाद रूम के सीसीटीवी कैमरों की रिकार्डिंग बतौर सबूत थानों पर रखी जाएगी, ताकि यदि कोई फरियादी शिकायत करता है, तो रिकार्डिंग के आधार पर समुचित कार्रवाई कराई जाएगी। यदि आरोप सही पाए जाते हैं, तो संबंधित थानेदार के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
पांच दिन में चालू हो जाएंगे संवाद रूम : एसएसपी
एसएसपी मनोज तिवारी ने बताया कि शासन की मंशा है कि थाने पर आने वाले हर फरियादी की समस्या को सुना जाए और तत्काल कार्रवाई हो। शिकायतें आ रही है कि थानों पर सुनवाई नहीं हो रही। पीड़ितों को इधर से उधर टकराया जा रहा है। इसके चलते पायलट प्रोजेक्ट संवाद रूम बनाया गया है। सबसे पहले शहर के थानों में इसे चालू करवाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि पांच दिन के अंदर शहर के थानों में इसे चालू कर दिया जाएगा।