झांसी। समाचार पत्र वितरकों (हमराही) को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करने के लिए अमर उजाला और श्रम विभाग के संयुक्त संयोजन में शनिवार को प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना का पंजीकरण शिविर लगाया गया, जिसमें 46 समाचार पत्र वितरकों ने पंजीकरण कराया। इन समाचार पत्र वितरकों को 60 वर्ष की आयु के बाद तीन हजार रुपये प्रतिमाह पेंशन मिलेगी।
कड़ाके की ठंड हो या मूसलाधार बारिश, किसी भी परिस्थिति में समाचार पत्र वितरकों के कदम नहीं डिगते। कोरोना काल में भी वो अपनी जिम्मेदारी का बखूबी निर्वहन करते रहे। ऐसे कर्मयोगी वृद्धावस्था में आर्थिक रूप से सक्षम रहें, इसके लिए उन्हें पेंशन योजना से जोड़ा गया। शिविर का आयोजन उप श्रमायुक्त कार्यालय में किया गया, जिसमें सुबह से ही समाचार पत्र वितरकों का पहुंचना शुरू हो गया था। सभी अपने साथ आधार कार्ड, बैंक पासबुक लेकर पहुंचे। पंजीकरण की कार्यवाही यहां लगाए गए जनसेवा केंद्रों के दो काउंटरों पर की गई। पंजीकरण में समाचार पत्र वितरकों का सहयोग श्रम विभाग के कर्मचारियों ने किया।18 से 40 साल की आयु के वितरकों को पेंशन योजना से जोड़ा गया। पंजीकरण होते ही उनके मोबाइल नंबर पर ओटीपी आ गया। सामाजिक सुरक्षा का कवच पाकर समाचार पत्र वितरक खुश नजर आए।
समाचार पत्र वितरक विपरीत परिस्थितियों में भी वे जन-जन तक समाचार पत्र पहुंचाने का काम करते हैं। प्रयास होगा कि ज्यादा से ज्यादा पात्र वितरकों को पेंशन योजना से जोड़ा जाए। इस योजना में 18 से 40 साल तक की आयु के वितरक अपना पंजीकरण करा सकते हैं। आयु के हिसाब से उन्हें 55 से 200 रुपये प्रतिमाह तक प्रीमियम अदा करना होगा, जो सीधे उनके बैंक खाते से प्रतिमाह कट जाएगा। इतनी ही धनराशि सरकार देगी। 60 वर्ष की आयु के बाद उन्हें 3,000 रुपये मासिक पेंशन मिलेगी।
- नदीम अहमद, उप श्रमायुक्त
बोले समाचार पत्र वितरक
वृद्धावस्था में जरूरतें कैसे पूरी होंगी, ये चिंता हर समय लगी रहती थी, लेकिन अब अमर उजाला के जरिये पेंशन योजना से जुड़कर भविष्य की चिंता खत्म हो गई है।
- वीरेंद्र रावत
जब तक शरीर साथ दे रहा है, तब तक हमारा काम चल रहा है। वृद्धावस्था में ज्यादा मेहनत नहीं हो पाती है। ऐसे में पेंशन योजना से जुड़कर हमारी जरूरतें पूरी होती रहेंगी।
- बंटी
समाचार पत्र कड़ी मेहनत करते हैं, बावजूद उनकी कोई सामाजिक सुरक्षा नहीं थी। लेकिन, इस शिविर के जरिये हमारी ये कमी पूरी हो गई है।
- वृंदावन
समाचार पत्र वितरकों को पेंशन योजना से जोड़कर अमर उजाला ने बहुत अच्छा काम किया है। अभियान चलाकर सभी पात्र वितरकों को पेंशन योजना से जोड़ा जाए।
- गणेश कुशवाहा
समाचार पत्र वितरक हर मौसम में कड़ी मेहनत करते हैं। उन्हें सामाजिक सुरक्षा की ज्यादा जरूरत है। पेंशन योजना के माध्यम से ये कमी पूरी हो गई है।
- मुकेश साहू
बेहद कम प्रीमियम पर समाचार पत्र वितरकों को बहुत बड़ा सुरक्षा कवच मिला है। ज्यादा से ज्यादा पत्र वितरकों को इस योजना से जोड़ा जाएगा।
- ठाकुर प्रसाद कुशवाहा
अभी तक इस योजना के बारे में पता ही नहीं था। शिविर के माध्यम से इसकी जानकारी हुई। पेंशन योजना से जुड़ने पर परिवार के लोग भी खुश हैं।
- प्रशांत रावत
बताया गया है कि पेंशन योजना से जुड़ने वाले वितरकों को भविष्य में श्रम विभाग की अन्य योजनाओं का भी लाभ मिलेगा। शिविर लगाने का काम बेहद शानदार प्रयास है।
- दीपक शर्मा