- तृणमूल कांग्रेस का फर्जी लेटर हेड और पहचान पत्र दिखाकर जमाता था रौब
संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। भोपाल से चलकर नई दिल्ली जाने वाली शताब्दी एक्सप्रेस में मंगलवार को टिकट चेकिंग स्टाफ ने पूर्व सांसद बनकर यात्रा कर रहे एक नटवरलाल को पकड़ा है। आरोपी लंबे समय से शताब्दी जैसी ट्रेनों में मुफ्त यात्रा कर रहा है। टिकट चेकिंग स्टाफ ने आरोपी को पकड़ कर जीआरपी के हवाले कर दिया।
ट्रेन नंबर 12001 शताब्दी एक्सप्रेस के कोच नंबर सी 10 में टिकट चेकिंग कर रहे डिप्टी सीटीआई नंद किशोर को अधेड़ उम्र का यात्री सीट पर बैठा दिखाई दिया। उन्होंने यात्री से टिकट मांगा तो वह खुद को पूर्व सांसद बताते हुए उन्हें रौब दिखाने लगा। उसका कहना था कि वह राजनीतिक कारणों से भोपाल से दिल्ली जा रहा है। जब टीटीई उसके झांसे में नहीं आए तो अधेड़ ने पुराने टिकट दिखाते हुए खुद के पूर्व सांसद होने का दावा किया, लेकिन यहां बात नहीं बनी।
बिना टिकट पकड़े जाने पर टीटीई ने कंट्रोल रूम को सूचना देते हुए अधेड़ को ट्रेन के झांसी स्टेशन पहुंचने पर आरपीएफ के हवाले कर दिया। जहां तलाशी के दौरान उसके पास से पूर्व सांसद का लेटर हैड और पहचान पत्र मिला है। जिस पर तृणमूल कांग्रेस का चिह्न, पार्टी कार्यालय और सांसद निवास का पता भी डाला गया है। मामले की सत्यता जानने के लिए आरपीएफ ने सीटीसी स्क्वायड के सुशील लहरिया को भी मौके पर बुलाया। जांच के बाद उन्होंने दस्तावेजों को फर्जी बताया। मामला आईपीसी के अपराध से जुड़ा होने के चलते आरपीएफ ने आरोपी को जीआरपी के हवाले कर दिया है। यहां उससे पूछताछ की जा रही है।
वर्जन
आरपीएफ ने सीटीआई के मेमो के साथ एक बिना टिकट यात्री को जीआरपी के हवाले किया है। जो खुद को पूर्व सांसद बता रहा था। अभी उससे पूछताछ की जा रही है। साक्ष्य के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विपुल कुमार श्रीवास्तव, एसपी जीआरपी, झांसी।