झांसी। मीना सोनी हत्याकांड में परिजनों ने आरोपियों पर गैंगस्टर लगने की शिकायत मुख्यमंत्री से करने का निर्णय लिया है। पूरा परिवार शिकायत लेकर मुख्यमंत्री से मिलने लखनऊ जाएगा। साथ ही, परिजनों ने सभी के असलहे निरस्त करने की मांग उठाई। पुलिस अब तक मीना सोनी की लाश को भी बरामद नहीं कर सकी है।
तालबेहट निवासी आभा सोनी ने बताया कि संजय वर्मा उसके साथियों ने उनकी बहन मीना सोनी की हत्या कर दी थी। लाश को कालपी स्थित यमुना नदी में फेंक दिया था, लेकिन पुलिस आज तक शव बरामद नहीं कर सकी। उनका कहना है कि लंबे समय से आरोपी जेल में बंद हैं। ऐसे में पुलिस जिले के बदमाशों पर गैंगस्टर से लेकर बड़े मामले में कार्रवाई कर रही है, लेकिन जेल में बंद संजय वर्मा व उसके साथियों पर पुलिस ने अब तक गैंगस्टर की कार्रवाई नहीं की।
उनका आरोप है कि अब तक संजय वर्मा को पुलिस ने रिमांड पर नहीं लिया। साथ ही, वारदात में शामिल पुलिस अब तक गाड़ी भी बरामद नहीं कर सकी। उन्होंने कहा कि संजय वर्मा के सरकारी गनर भी वापस लिए जाना जरूरी है। उसके परिजनों व रिश्तेदारों के नाम से भी कई असलहे हैं, जिनका निरस्त होना भी जरूरी है। हत्याकांड की जांच उच्च स्तर के अधिकारी से करने की मांग उठाई, ताकि कड़ी सजा मिल सके। उन्होंने बताया कि परिवार मुख्यमंत्री से मिलकर उन्हें पूरे मामले से अवगत कराएगा। साथ ही, पुलिस की कार्यप्रणाली भी सामने रखी जाएगी। पुलिस के अब तक कोई ठोस कार्रवाई न करने से उनकी बहन का शव बरामद नहीं हो सका।
न्यायालय के आदेश पर ग्यारह लोगों पर एफआईआर
झांसी। कोतवाली पुलिस ने न्यायालय के आदेश पर आठ लोगों पर एफआईआर दर्ज की है। थाना कोतवाली के मोहल्ला गुदरी निवासी मनीष मिश्रा ने बताया कि 13 नवंबर 2018 को उसकी शादी ललितपुर निवासी स्वप्निल के साथ हुई थी। कुछ समय बाद वह चढ़ावे के जेवरात मायके में रख आई। जून को ससुरालीजन कुछ रिश्तेदारों के साथ उसके घर आकर लूटपाट कर रूपये व जेवरात ले गए। अदालत के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने नितिन द्विवेदी, मयंक द्विवेदी, ममता द्विवेदी, स्वप्निल द्विवेदी, परमानंद द्विवेदी, नीलम द्विवेदी, हरिश्चंद्र द्विवेदी, लवलेश पांडेय, राधे पाराशर, संगीता पाराशर व बृजेंद्र मिश्रा पर एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।