अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। मेडिकल कॉलेज में कार्यरत आउटसोर्स के 750 से ज्यादा कर्मियों को नवंबर और दिसंबर का मानदेय अभी तक नहीं मिला है जबकि जनवरी भी आधे से ज्यादा समाप्त हो चुकी है। अधिकारी दो दिन में मानदेय आने की बात करीब 15 दिन से कहते आ रहे हैं। कर्मियों के सामने परिवार का भरण-पोषण करने का संकट पैदा हो गया है। अभी भी कॉलेज प्रशासन का एक ही जवाब है कि एक-दो दिन में मानदेय मिल जाएगा।
मेडिकल कॉलेज में आउटसोर्स पर वार्ड बॉय, नर्स, टेक्नीशियन, हाउस कीपिंग के लिए 750 से ज्यादा कर्मी कायर्रत हैं। इन कर्मियों के सामने सबसे बड़ी दिक्कत समय से मानदेय न मिलने की है। कार्यदायी संस्था कभी तीन माह तो कभी दो माह तक लगातार वेतन नहीं देती है। ये कर्मी परेशान रहते हैं क्योंकि शिकायत करने पर तत्काल सेवाएं समाप्त कर दी जाती हैं। नाम नहीं छापने पर शर्त पर परेशान कर्मियों ने बताया कि नवंबर और दिसंबर का मानदेय नहीं मिला है। कॉलेज के प्रभारी प्राचार्य डॉ. मयंक सिंह का कहना है कि मेडिकल कॉलेज ने कार्यदायी संस्थाओं के बिल का भुगतान कर दिया है। उम्मीद है कि एक-दो दिन में मानदेय सभी को मिल जाएगा।