संवाद न्यूज एजेंसी
कोछाभांवर। सावन को लेकर बाजार सज गए हैं। दुकानों पर कान्हा जी के लिए आकर्षक झूले तो महादेव की आराधना के लिए रुद्राक्ष की माला, त्रिशूल, डमरू लोगों का मन मोह रहे हैं।
शुक्रवार से सावन शुरू हो जाएगा। शिवालयों और घरों में भक्ति भाव से धार्मिक अनुष्ठान होंगे। कांवड़ यात्राएं निकलेगी। वहीं, श्रद्धालु अपने बालगोपाल को मनमोहक झूले पर विराजमान करेंगे। ऐसे में महानगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों के बाजारों में पूजन सामग्री की खरीदारी पूरे उत्साह से हो रही है। पूजन सामग्री विक्रेता सुनील दीक्षित के अनुसार, डमरू 50 से 150 रुपये तक, रुद्राक्ष की माला 100 से 800 रुपये, कान्हा जी का झूला 30 से 500 रुपये, शंख 100 से 500 रुपये, आर्टिफिशियल एवं तांबा व चांदी से बने सर्प 50 रुपये से 800 रुपये तक, कथा आरती की किताब 10 रुपये से 100 रुपये तक, त्रिशूल 50 से 250 रुपये तक तथा पूजा की थाली 100 रुपये से लेकर 1000 रुपये तक बाजारों में उपलब्ध है। उनके अनुसार, कान्हा जी के झूलों में मीनाकारी भी है, जिनकी खूब खरीदारी हो रही है। इधर, विक्रेता प्रवीण अग्रवाल के अनुसार पूजा की थाली विशेष आकर्षक है। इसमें चंदन, सुपारी, महामृत्युंजय यंत्र, रुद्राक्ष की मालाएं आदि एक साथ मिलेंगी।