झांसी। कोरोना काल में बिजली बिल अदा न कर पाने वाले उपभोक्ताओं पर विभाग कतई रियायत के मूड में नहीं है। कारोबार, काम-धंधे चौपट होने के कारण पहले ही लोगों को परिवार के लिए दाल-रोटी की व्यवस्था मुश्किल हो गई है। उधर, बिजली विभाग ने दस हजार रुपये से अधिक का बकाया वाले नौ हजार कनेक्शन काटने के निर्देश दे दिए हैं। इसके बाद पांच हजार से अधिक की बकाएदारी वाले 12 हजार लोगों के कनेक्शन काट दिए जाएंगे। विभागीय अफसरों के अनुसार पावर कारपोरेशन पर चार महीने में 35 करोड़ रुपये से ऊपर बकाया बढ़ा है।
कोरोना महामारी में शहर के तमाम उद्योग धंधे बंद चल रहे हैं। हजारों लोगों के हाथों से काम छिन गया। कोई दुकान, कोई फैक्ट्री, ऑफिस, मजदूरी तो कोई फुटपाथ पर फड़ लगाता था। कई दुकानदार व कंपनियों ने अपने अपंजीकृत स्टाफ को वेतन नहीं दिया। यही कारण है कि 20 हजार से अधिक उपभोक्ता बिजली का बिल भी जमा नहीं कर पा रहे हैं। ऐसे में विभाग को हर महीने घाटे का सामना करना पड़ रहा है। पावर कारपोरेशन के निर्देश पर विभाग ने अब दस हजार रुपये से अधिक के बकायेदारों के कनेक्शन काटना शुरू कर दिए हैं। अभी तक 109 घरों के कनेक्शन काटे जा चुके हैं।
नंदनपुरा में रहने वाले अखिलेश श्रीवास्तव एक ऑफिस में प्राइवेट काम करते हैं। लॉकडाउन के बाद से ही ऑफिस बंद चल रहा है। तक से उनको वेतन नहीं मिल सका है। उनको घर का खर्च तक चलाना मुश्किल हो रहा है। वे बिजली का बिल नहीं भर पा रहे हैं। बिजली विभाग ने 11500 रुपये बकाया होने पर मंगलवार को उनका कनेक्शन काट दिया। अब वे अंधेरे में रह रहे हैं। यह तो एक उदाहरण है। महानगर में हजारों परिवार ऐसे हैं जिनका लॉकडाउन में हाथ से काम छीन गया। इसमें मजदूर, फुटपाथी दुकानदार, इलेक्ट्रिीशियन, प्लंबर, ठेेलों पर खानपान सामग्री बेचने वाले, माली, दूसरों की दुकानों पर काम करने वाले समेत अन्य कार्य शामिल हैं।
यही कारण है कि अप्रैल से अभी तक 20 हजार से अधिक उपभोक्ता अपना बिजली का बिल जमा नहीं कर सके। वैसे एक महीने में विभाग को 35 से 36 करोड़ रुपये राजस्व मिलता है। मगर कोरोना महामारी के दौरान 25 से 27 करोड़ ही राजस्व मिल पा रहा है। वर्तमान में दस हजार से ऊपर के नौ हजार व पांच हजार से ऊपर के 12 हजार से अधिक बकायेदार हैं। विभाग को घाटे से उबारने के लिए उत्तर प्रदेश पावर कारपोरेशन ने दस हजार से ऊपर के बकायेदारों के कनेक्शन काटने के निर्देश दे दिए हैं।
- पहले चरण में दस हजार से ऊपर वाले बकायेदारों के कनेक्शन काटने के निर्देश मिले हैं। दूसरे चरण में पांच हजार से दस हजार तक बकाये वाले उपभोक्ताओं के कनेक्शन काटे जाएंगे। बकायेदार उपभोक्ता बिल जमा करके कार्रवाई से बच सकते हैं। एसआर गर्ग, प्रभारी अधीक्षण अभियंता (महानगर)।
ब्याज माफी किस्त योजना का ले सकते हैं लाभ
बिजली विभाग ने नवंबर 2019 में शुरू हुई आसान किस्त योजना के तहत बकायेदारों का ब्याज माफ कर शहरी उपभोक्ताओं को बाकी राशि 12 महीने और ग्रामीण उपभोक्ताओं को 24 महीने में जमा करने की सुविधा प्रदान की थी। मगर इस योजना का लाभ लेने वाले उपभोक्ताओं ने बीच में ही किस्तें जमा करनी बंद कर दीं। ऐसे उपभोक्ता जुलाई से दोबारा अपनी किस्तें नियमित जमा कर सकते हैं।
फिक्स चार्ज छूट की तिथि बढ़ी
औद्योगिक व वाणिज्य उपभोक्ताओं के लिए फिक्स चार्ज माफ योजना की तिथि 30 जून से बढ़ाकर 31 जुलाई कर दी गई है। जो उपभोक्ता इस सुविधा का लाभ नहीं ले सके, वे इस महीने ले सकते हैं।