संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। बैक स्ट्रोक तैराकी की महारथी झांसी की जिया यादव बहरीन में 23 से 27 अक्तूबर तक थर्ड एशियन यूथ गेम्स में हिस्सा लेंगी। स्विमिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया की ओर से भारतीय यूथ स्विमिंग टीम में उनका चयन किया गया है। वह ए कैटेगरी (15 से 17 आयु वर्ग) की 50 मीटर एवं 100 मीटर बैक स्ट्रोक तैराकी प्रतियोगिता में अपना हुनर दिखाएंगी।
झांसी के ग्वालटोली हंसारी निवासी नन्हीं जलपरी जिया यादव ने बताया कि सात वर्ष की आयु में मेजर ध्यानचंद स्टेडियम के तरणताल से तैराकी की शुरुआत की थी। उन्होंने जिलास्तरीय तैराकी प्रतियोगिता में हिस्सा लेकर रजत पदक हासिल किया था। कुछ दिन बाद ही दूसरी जिलास्तरीय प्रतियोगिता में स्वर्ण पदक जीता तो तैराकी की ओर रुझान बढ़ने लगा। वह पढ़ाई के साथ-साथ तैराकी का प्रशिक्षण लेती रहीं। भुवनेश्वर में आयोजित राष्ट्रीय जूनियर तैराकी प्रतियोगिता में अंडर-14 के बी ग्रुप में हिस्सा लेते हुए एक स्वर्ण और दो रजत पदक जीते। उन्होंने इस साल 28 से 30 जून तक लखनऊ के केडी सिंह बाबू स्टेडियम में आयोजित राज्यस्तरीय तैराकी प्रतियोगिता में अंडर-17 आयु वर्ग में पांच प्रतियोगिताओं में हिस्सा लिया। 50 मीटर, 100 मीटर, 200 मीटर बैक स्ट्रोक, 50 मीटर फ्री स्टाइल समेत पांच में भाग लेकर पांच स्वर्ण पदक और तीन नए कीर्तिमान स्थापित किए।
उन्होंने बताया कि मेजर ध्यानचंद स्टेडियम के तरणताल के प्रथम कोच काजू मिश्रा, राकेश यादव एवं राजू बोहरे से तैराकी की बारीकियां सीखीं। उत्तर प्रदेश स्विमिंग एसोसिएशन के सचिव शिवम कपूर ने नई दिल्ली के एसएफआई ग्लेनमार्क स्विमिंग अकादमी में प्रशिक्षण के लिए दाखिला कराया। इसमें राष्ट्रीय प्रशिक्षक पार्थ मजूमदार ने प्रशिक्षण दिया। उनके पिता विजय यादव ग्वालटोली हंसारी में दूध डेरी चलाते हैं और मां गृहिणी हैं। जिया का सपना ओलंपिक में गोल्ड मेडल जीतकर देश और झांसी का नाम रोशन करना है।