रक्सा में जंगली जानवर ने 6 बकरियों को अपना निवाला बना लिया है। एक हफ्ते पहले भी 8 बकरियों को अपना शिकार बनाया था। ग्रामीण को पंजों के निशान मिले हैं। डर है इन सब हमले के पीछे चीता तो नहीं है।
मवई गांव निवासी गोपी राजपूत पुत्र रामलीला बताया कि वह अपने चार बेटे बृजेश राजपूत, ओम प्रकाश दीप सिंह और भगवान सिंह के साथ गांव से कुछ दूरी पर खेत पर बने मकान में रहता है। मकान के पीछे ही उसके बकरियों का बाड़ा है। जहां पर हर रोज बकरियां बांधी जाती हैं। देर रात भी दीपसिंह ने बकरियों को बांधकर अपने कमरे में सो गया। सुबह जाकर देखा तो हक्का-बक्का रह गया। 6 बकरियां मरी हुई पड़ी थी। जिनके पेट को फाड़ कर मारा गया था। साथ ही उनके हाथ पैरों में भी चोट के निशान थे। रात के समय करीब 3 बजे कुत्तों के जोर से भौंकने की आवाज भी आ रही थी। लेकिन इस पर उन लोगों ने ध्यान नहीं दिया।