फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

झांसी से इलाहाबाद के लिए इसी साल भरिए उड़ान

विज्ञापन
विमान - फोटो : ?????
विज्ञापन
झांसी। अब झांसी से प्रयागराज की का सफर आसान होने जा रहा है। इसी साल उड्डयन मंत्रालय प्रयागराज से झांसी के लिए 20 सीटों वाला छोटा विमान चलाने की तैयारी में है। हाल ही में झांसी आए उड्डयन मंत्री नंदगोपाल नंदी ने हवाई पट्टी का निरीक्षण कर प्रगति जानी थी।
विज्ञापन

केंद्र सरकार के ‘उड़ान’ प्रोजेक्ट के तहत झांसी में हवाई अड्डा स्थापित किया जाना है। जिला प्रशासन की ओर से हवाई अड्डे की स्थापना के लिए शासन को दो प्रस्ताव भेजे गए थे। इनमें से शासन ने ग्वालियर रोड स्थित पुरानी हवाई पट्टी का विस्तार कर हवाई अड्डा बनाए जाने को मंजूरी दे दी थी। इसके लिए नहर और फोरलेन की जमीन ली जानी है। सिंचाई विभाग और नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) ने अपना-अपना एस्टीमेट तैयार कर प्रशासन को सौंप दिया था। दोनों विभागों की ओर से दो अरब अड़तीस करोड़ रुपये का एस्टीमेट सौंपा गया था।
इससे पहले कि मामला आगे बढ़ पाता कोरोना वायरस का संक्रमणकाल शुरू हो गया और मामला ठंडे बस्ते में पहुंच गया। बीते शनिवार को प्रदेश के नागरिक उड्डयन मंत्री नंदगोपाल गुप्ता झांसी आए। यहां उन्होंने हवाई पट्टी का निरीक्षण किया। अधिकारियों से हवाई पट्टी के विस्तार को लेकर अब तक हुई कार्रवाई के बारे में जाना। साथ ही इसमें तेजी लाने के निर्देश दिए। प्रयागराज एयरपोर्ट के निदेशक सुनील यादव ने बताया कि इस साल के अंत तक प्रयागराज से चित्रकूट और झांसी के बीच 20 सीट वाले विमान चलाने की योजना है। वहीं, मंत्री नंद गोपाल नंदी ने बताया कि चित्रकूट का ऐतिहासिक महत्व है। प्रयागराज के अलावा लखनऊ व प्रदेश के अन्य मंडल मुख्यालयों को जोड़ने के लिए भी 20 सीट वाले विमान चलाने की योजना है।
विज्ञापन

ये होना है काम
हवाई पट्टी के लगभग एक किलोमीटर रनवे को लंबा कर लगभग डेढ़ किमी का बनाया जाना है। साथ ही टर्मिनल भी बनाया जाएगा। हवाई पट्टी के पास से गुजरने वाली नहर को छह किलोमीटर तक शिफ्ट करना होगा। इतना नहीं नही, पास के नेशनल हाईवे-75 को भी शिफ्ट करना होगा। आसपास के 42 आवास भी हटाने होंगे। इसके अलावा दुकानें, गोदाम भी इसकी जद में आएंगे। विद्युत लाइनों को भी शिफ्ट करना होगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें