झांसी-कानपुर डबल ट्रैक के लिए चार सौ करोड़ और मिले
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कानपुर रेल डबल ट्रैक के लिए इस रेल बजट में चार सौ करोड़ रुपये और जारी कर दिए गए। इसके पहले चार सौ करोड़ मिल चुके हैं। अब काम में और तेजी आएगी। यह काम जून 2018 तक पूरा करने का लक्ष्य है। रेलवे यह काम निजी कंपनियों से करवा रहा है। झांसी से परीछा तक डबल ट्रैक मार्च में शुरू होने की उम्मीद है।
रेल बजट 2013-14 में झांसी- कानपुर रेल लाइन डबल ट्रैक के लिए 817 करोड़ का बजट स्वीकृत किया गया था, लेकिन तय समय पर काम नहीं शुरू हुआ और फिर इसकी लागत बढ़कर 1251.19 करोड़ पहुंच गई। झांसी से भीमसेन के बीच 206 किलोमीटर की डबल रेल लाइन बिछाने का काम चल है। गौरतलब है कि रेल मंत्रालय ने 2012 में इस लाइन के सर्वे के लिए एक करोड़ रुपये दिया था। इसके बाद 2013 के रेल बजट में 20 करोड़ रुपये, फरवरी 2014 में 20 करोड़, जुलाई 2014 में दस करोड़, 2015 में दो सौ करोड़ रुपये और 2016 में 400 करोड़ रुपये दिए गए। अब इस बार चार सौ करोड़ रुपये का प्राविधान और किया गया है। ऊसरगांव से भीमसेन के बीच के बीच दूसरी लाइन बिछाने का काम बेहद धीमा चल रहा है। इस कारण काम तय समय पर पूरा होने की उम्मीद कम है। पीआरओ मनोज कुमार सिंह ने बताया कि तय समय पर काम पूरा करने की हर संभव कोशिश की जा रही है। निगाह रखी जा रही है।
मार्च में चालू होगा पारीछा तक ट्रैक
झांसी-कानपुर डबल ट्रैक का 21 किलोमीटर हिस्सा (झांसी से पारीछा तक ट्रैक) को अगले महीने चालू हो जाएगा। तब इस रूट पर चलने वाली ट्रेनों की गति बढ़ जाएगी। झांसी होकर हर रोज पारीछा थर्मल पावर हाउस कोयले से भरी मालगाड़ियां जाती हैं। अभी सिंगल लाइन होने के कारण मालगाड़ियों को निकालते समय अन्य ट्रेनों को रास्ते के स्टेशनों पर खड़ा करना पड़ता है। डबल ट्रैक चालू होने के बाद ऐसा नहीं होगा और अन्य ट्रेनों की मालगाड़ियां निकलने का इंतजार नहीं करना पडे़ेगा।