संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई करता प्रशासन
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इन जगहों की हुई संपत्ति कुर्क
जिलाधिकारी की न्यायालय के आदेश पर वाद सं. 4466/2025 में धारा 14(1) उ०प्र० गिरोहबन्द एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम, 1986 के अंतर्गत पारित आदेश के अनुपालन में की गई। आदेशानुसार राज्य सरकार बनाम दीपक उर्फ दीपनारायण पुत्र बलभद्र सिंह, निवासी ग्राम बुढ़ावली, थाना मोंठ, जनपद झांसी में अवैध एवं अनियमित ढंग से अर्जित कुल ₹20,26,52,260/- (बीस करोड़ छब्बीस लाख बावन हजार दो सौ साठ रुपये) की चल/अचल संपत्तियों को जब्त/कुर्क किए जाने हेतु निर्देश निर्गत किए गए थे। जिस पर पुलिस प्रशासन ने दीपक उर्फ दीपनारायण के तीन विभिन्न स्थानों (भगवन्तपुरा, करगुंवा जी एवं पनगुआं) पर स्थित जब्त की गई।
कार्रवाई के दौरान का वीडियो...
पूर्व विधायक दीपनारायण सिंह यादव
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अलग-अलग थानों में दर्ज हैं कई मामले
पूर्व विधायक को झांसी पुलिस कई दिन से तलाश रही है। उनके खिलाफ भुजौंद गांव निवासी प्रेम सिंह पालीवाल ने 20 नवंबर 2025 को मोंठ थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई थी। आरोप लगाया है कि पूर्व विधायक व उनके साथियों ने उनकी पुस्तैनी जमीन पर कब्जा करने की कोशिश की। इसका विरोध करने पर धमकाया और 20 लाख रुपये की रंगदारी मांगी। शिकायत पर पुलिस ने डकैती, रंगदारी, धमकी और अन्य आरोपों में प्राथमिकी दर्ज की है। पूर्व विधायक पर विभिन्न थानों में भी करीब 48 आपराधिक मामले दर्ज हैं।
हाईकोर्ट में प्राथमिकी को दी है चुनौती
गरौठा से सपा के पूर्व विधायक दीप नारायण यादव ने रंगदारी व अन्य आरोप में दर्ज प्राथमिकी को हाईकोर्ट में चुनौती दी है। याचिका दायर कर गिरफ्तारी पर रोक लगाने व प्राथमिकी रद्द करने की मांग की है। कोर्ट ने राज्य सरकार व शिकायतकर्ता से जवाब मांगा है। अगली सुनवाई 19 दिसंबर को होगी। यह आदेश न्यायमूर्ति राजीव गुप्ता व न्यायमूर्ति देवेंद्र सिंह की खंडपीठ ने दिया है।
कार्रवाई को लेकर जानकारी देतीं एसपी सिटी प्रीति सिंह...
दीपनारायण पर प्राथमिकी दर्ज होने के बाद अखिलेश ने पुलिस पर लगाए थे आरोप
सपा सुप्रीमो अखिलेश ने कुछ दिन पहले 20 नवंबर 2025 को झांसी के मोंठ थाने में प्राथमिकी दर्ज होने के बाद दीपनारायण के नाम का जिक्र करते हुए उत्तर प्रदेश पुलिस के एक अफसर पर गंभीर आरोप लगाए थे। उन्होंने कहा था कि हमारी पार्टी के पूर्व विधायक दीपक यादव पर 32 हजार की डकैती का मुकदमा लगवा रहे हैं। वही पुलिस अधिकारी, स्क्रैप माफिया अधिकारी है वहां पर। वह भ्रष्ट अधिकारी है। वह जब नोएडा से गया था, तब वहां खुशी मनी थी। किसी से जानकारी कर लीजिए आप। ये वही है जिन्होंने 2019 का लोकसभा चुनाव समाजवादी पार्टी को कन्नौज में हरवाया था। सजातीय लोग ऊपर से नीचे तक बैठे हुए है। अखिलेश का यह बयान सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुआ था। तमाम लोगों ने फेसबुक और इंस्टाग्राम पर भी इस वीडियो को शेयर किया। पुलिस महकमे में सबसे अधिक इस बयान की चर्चा रही।
प्राथमिकी दर्ज होने के बाद का पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश का वीडियो...