फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jhansi: गरौठा में 601 एकड़ पर स्थापित होगा 213 मेगावाट का सोलर पार्क, 2028 तक होगा तैयार

Mon, 20 Jul 2026 11:19 AM IST
दीपक महाजन संवाद न्यूज एजेंसी, झांसी

सार

गरौठा तहसील में 213 मेगावाट क्षमता का सोलर पार्क बनने जा रहा है, जो कि 2028 तक बनकर तैयार हो जाएगा। इसके लिए 601 एकड़ सरकारी भूमि 30 साल के लिए लीज पर मिलेगी।
विज्ञापन
सोलर पैनल - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

बुंदेलखंड को ऊर्जा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए एक और बड़ा कदम उठाया गया है। गरौठा तहसील में 213 मेगावाट क्षमता का सोलर पार्क बनने जा रहा है, जो कि 2028 तक बनकर तैयार हो जाएगा। इसके लिए 601 एकड़ सरकारी भूमि 30 साल के लिए लीज पर मिलेगी। शासन से स्वीकृति मिलने के बाद अब नेडा से लीज डीड पर हस्ताक्षर की प्रक्रिया चल रही है।
विज्ञापन


बुंदेलखंड में सालभर में भरपूर धूप रहती है, जिसे देखते हुए यह इलाका सौर ऊर्जा उत्पादन के लिए बेहद उपयुक्त माना जाता है। यहां की गराैठा तहसील के आठ गांवों में पहले से ही उत्तर प्रदेश नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा विकास अभिकरण (यूपीएनईडीए) ने 600 मेगावाट बिजली उत्पादन के लिए 263.77 एकड़ सरकारी और 2500 एकड़ निजी भूमि अधिगृहीत की है। अब गरौठा में ही दूसरे सोलर पार्क की शासन से मंजूरी मिल गई है। हालांकि, यह सोलर पार्क सरकारी भूमि पर स्थापित होगा। इसके लिए गरौठा के झिझिरिया, मलेहटा, अहरौरा, कुरैठा, बरमाईन और खरवाच में 601.06 एकड़ सरकारी भूमि लीज पर ली जा रही है। चूंकि, सोलर पार्क के लिए जमीन उपलब्ध कराने का जिम्मा पारीछा तापीय विद्युत परियोजना को मिला है और एनटीपीसी को यहां पर प्लांट की स्थापना करनी है। ऐसे में पारीछा तापीय विद्युत परियोजना की ओर से नेडा के खाते में 602 रुपये वार्षिक लीज रेंट जमा भी कर दिया गया है। अब सिर्फ नेडा से लीज डीड होनी बाकी है।


बीडा, डिफेंस कॉरिडोर की बिजली की मांग पूरी करने में होगी भूमिका

झांसी में नोएडा की तर्ज पर बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण (बीडा) विकसित हो रहा है। इसके लिए 33 गांवों में 62,599 एकड़ भूमि खरीदी जा रही है। इसके अलावा एरच में डिफेंस कॉरिडार बन रहा है, जिसके लिए प्रथम चरण में 1076 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहीत की जा चुकी है। कंपनियों की बढ़ती रुचि को देखते हुए अब दूसरे चरण के लिए भी 728 हेक्टेयर भूमि खरीदने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। चूंकि, इन दोनों बड़ी परियोजनाओं के संचालन के लिए बिजली की भी काफी जरूरत पड़ेगी। ऐसे में 213 मेगावाट का सोलर पार्क बीडा और डिफेंस की भी बिजली की मांग पूरी करने में अहम भूमिका निभाएगा।
विज्ञापन



यह होगा फायदा
इस सोलर पार्क से प्रदेश के बिजली ग्रिड को अतिरिक्त ऊर्जा मिलेगी।
निर्माण कार्य होने की वजह से स्थानीय स्तर पर कइयों को रोजगार मिलेगा।
संचालन, रखरखाव में भी तकनीकी, गैर तकनीकी पद पर नौकरियां उत्पन्न होंगी।
बड़ी परियोजना आने से क्षेत्र में अन्य ऊर्जा और औद्योगिक निवेशकों का भरोसा बढ़ेगा।

इनका यह कहना
213 मेगावाट क्षमता की सौर ऊर्जा परियोजना की स्थापना के लिए गरौठा तहसील के छह गांवों में 601.06 एकड़ सरकारी भूमि का लीज रेंट यूपीनेडा के खाते में जमा कर दिया गया है। अब लीज डीड हस्ताक्षरित करने के लिए यूपीनेडा के परियोजना अधिकारी को पत्र लिखा गया है। यह पूर्ण होते ही सोलर पार्क स्थापना का काम शुरू होगा। 2028 तक ये बनकर तैयार हो जाएगा। - वैभव कुमार त्रिपाठी, अधीक्षण अभियंता, पारीछा तापीय विद्युत परियोजना।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें