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अरे राम, इतना जाम, भटके लोग, अटके काम

Fri, 10 Nov 2017 01:00 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
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jam, jhansi news - फोटो : amar ujala
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बृहस्पतिवार को कांग्रेस और बसपा समेत विभिन्न प्रत्याशियों के नामांकन के दौरान शहर एक बार फिर जाम की गिरफ्त में रहा। बीकेडी समेत विभिन्न चौराहों पर यातायात व्यवस्था ध्वस्त रहने से कई लोगों के काम अटके रहे। तमाम दावों के बाद भी पुलिस व्यवस्था बनाने में फेल रही। नेता भी बेपरवाह रवैए के साथ पूरी सड़क घेरते चलते रहे।
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निकाय चुनाव में प्रत्याशियों द्वारा जोरशोर के साथ नामांकन किया जा रहा है। बृहस्पतिवार दोपहर कांग्रेस के प्रत्याशी प्रदीप जैन आदित्य, बहुजन समाज पार्टी के बृजेंद्र व्यास व अन्य दलों के प्रत्याशियों ने जोर-शोर के साथ नामांकन किया। जुलूसों में निकले वाहनों व लोगों की भारी भीड़ ने यातायात व्यवस्था को ताक पर रख दिया। शहर की सभी गलियां, चौराहों से लेकर सड़कें पर जाम ही जाम नजर आया। सबसे ज्यादा परेशानी दतिया की ओर जाने वाले यात्रियों को रही। बसें बीकेडी से होकर नहीं जा सकी, इस वजह से यात्रियों को या तो इलाइट या फिर बाइपास जाकर बस पकड़नी पड़ी।
बीकेडी चौराहे पर सबसे ज्यादा हाल तो तब खराब हुआ जब स्कूलों की छुट्टी हुई। नामांकन जुलूसों की भीड़ में स्कूली वाहन फंसे रहे। सड़कों पर भारी जाम लगने के कारण टैक्सी व ऑटो वाले गलियों में घुसकर अपने गंतव्य तक पहुंचे। गलियों का रास्ता संकरा होने के कारण यहां भी लोग फंस गए।
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एसपी सिटी बोले सब दुरुस्त
जाम में फंसे लोग कई घंटे तक परेशान रहे और फिर किसी तरह निकले तो इधर-उधर भटकते रहे। इस पर एसपी सिटी देवेश कुमार पांडेय से बात की गई तो उनका कहना था कि कहीं कोई दिक्कत नहीं हुई। सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त रहीं।
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पैदल ही चलना पड़ा
डॉक्टर को दिखाने मेडिकल कॉलेज गया था, ऑटो को इलाइट चौराहे पर रोक दिया गया। अब पैदल ही ग्वालियर रोड तक जाना पड़ रहा है।
महेेंद्र पाल, पाल कॉलोनी

यह गलत व्यवस्था है। टैक्सी वाले भी सवारी नहीं बैठा रहे। अब हमारी समस्या को कोई भी सुनने वाला नहीं है।
बाबूलाल, पॉलिटेक्निक

स्कूल की छुट्टी हुए आधा घंटा से भी ज्यादा का समय हो गया, लेकिन अब तक जाम में ही फंसा हुआ हूं।
फैसल, छात्र

ऐसा तो तीन-चार दिन से प्रतिदिन हो रहा है। छुट्टी होने के बाद जाम में फंस जाते हैं। बड़ी परेशानी होती है।
अब्दुल्ला - छात्र

कल मैं स्कूली वाहन से स्कूल नहीं जाऊंगा। अब मैं पापा के साथ स्कूटर से ही स्कूल जाऊंगा।
कार्तिक, छात्र
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