इंदौर-झांसी इंटरसिटी एक्सप्रेस के दो कोचों का बफर (कोचों को आपस में जोड़ने वाले लोहे के पाइप) शुक्रवार दोपहर एक-दूसरे पर चढ़ गया। इससे एक घंटे तक रेलवे ट्रैक बाधित रहा और सात ट्रेेेनें लेट हो गईं। गनीमत रही कि हादसे के कारण ट्रेन की बोगी पटरी से नहीं उतरी।
शुक्रवार की दोपहर 11.50 बजे गाड़ी नंबर 11802 इंदौर-झांसी इंटरसिटी एक्सप्रेस को वाशिंग साइडिंग से शंटिंग कर प्लेटफार्म पर लाया जा रहा था। क्रास नंबर 439 पर झटका लगने से इंजन से पहले व दूसरे नंबर के बफर एक दूसरे पर चढ़ गए और दोनों कोच जाम हो गए। कोच जाम होने से ट्रेन वहीं खड़ी होकर रह गई। ट्रेन खड़ी होने से अप और डाउन ट्रैक का यातायात बाधित हो गया। खबर लगने पर रेल अधिकारी व ब्रेक डाउन टीम मौके पर पहुंच गई। 12.50 बजे दोनों कोचों के बफर को उतारा गया। इसके बाद 1.10 बजे रेल यातायात को सामान्य बनाया गया।
घटना के कारण भोपाल से झांसी की तरफ आने वाली थिरुकुल एक्सप्रेस, छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस, लोकमान्य तिलक गोरखपुर एक्सप्रेस, इटारसी झांसी पैसेंजर व दिल्ली से झांसी की तरफ आने वाली पंजाब मेल, निजामुद्दीन-त्रिवेंद्रम एक्सप्रेस, नई दिल्ली विशाखापटनम एक्सप्रेस लेट हो गईं। इधर, प्लेटफार्म पर जगह न होने के कारण एक ट्रेन को डीजल शेड के सामने पुलिया नंबर नौ क्रासिंग पर रोक दिया गया। इससे दोनों तरफ वाहनों की लंबी-लंबी कतारें लग गई। क्रासिंग गेट पर करीब पौन घंटे तक जाम लगा रहा, जिससे तेज धूप में वाहन चालकों को पल-पल काटना भारी पड़ा।