दुर्घटना के बाद क्षतिग्रस्त पड़ी सफारी कार
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ललितपुर/साढ़ूूमल। थाना मड़ावरा के अंतर्गत ग्राम साढ़ूमल और सतवासा के बीच रविवार की देर रात तेज रफ्तार सफारी गाड़ी अनियंत्रित होकर पेड़ से टकरा गई। हादसे में मध्य प्रदेश के टीकमगढ़ निवासी तीन गल्ला व्यापारियों की मौत हो गई। मड़ावरा पुलिस ने तीनों के शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए हैं। गाड़ी की पेड़ से टक्कर इतनी भीषण थी कि पेड़ जड़ समेत टूटकर अलग गया और करीब पचास फुट दूर जा गिरा।
थाना मड़ावरा के ग्राम साढ़ूमल, हाल मध्य प्रदेश के जिला टीकमगढ़ के नूतन विहार कॉलोनी निवासी मोनू उर्फ गौरव जैन (35) पुत्र विजय जैन टीकमगढ़ में गल्ला व्यापारी थे। वह टीकमगढ़ के न्यू मऊ चुुंगी के पास निवासी गुड्डू मलिक उर्फ अब्दुल अब्बास (37) पुत्र अब्दुुल सत्तार और टीकमगढ़ के नंदीश्वर कॉलोनी गली नंबर एक निवासी कल्लू मोंगना उर्फ कैलाश चंद जैन (36) पुत्र वीरेंद्र कुमार जैन के साथ पार्टनरशिप में गल्ला व्यापार करते थे। वह तीनों आरटीसी कंपनी में गेहूं खरीद का काम करते थे।
दो दिन पहले ही उनका सात रैक गेहूं टीकमगढ़ से एवं एक रैक गेहूं ललितपुर से अन्य राज्य भेजा गया था। काम निपटने के बाद मोनू उर्फ गौरव जैन ने अपने पैतृक गांव साढ़ूमल में माता-पिता से मिलने और गांव स्थित खेत पर होरा पार्टी (भुने हुए चने) मनाने का कार्यक्रम बनाया था। वह तीनों रविवार को दोपहर में गुड्डू मलिक की सफारी गाड़ी से मोनूू के गांव साढ़ूूमल पहुंचे। वहां उन्होंने भुने हुए चने की पार्टी भी मनाई और मां के हाथों का खाना भी खाया। रात में तीनों टीकमगढ़ के लिए लौट रहे थे। वह लोग ग्राम सतवांसा के पहले ही पहुंचे थी कि रात लगभग 11 बजे उनकी तेज रफ्तार सफारी गाड़ी अनियंत्रित होकर एक पेड़ से जा टकराई। हादसे में उसमें सवार तीनों की मौके पर ही मौत हो गई। गाड़ी की पेड़ से टक्कर इतनी भीषण थी कि पेड़ जड़ समेत टूटकर अलग गया और करीब पचास फुट दूर जा गिरा। यहां तक कि उसकी मोटी डालों के कई टुकड़े हो गए।
जानकारी मिलने पर मड़ावरा पुलिस मौके पर पहुुंच गई। शव गाड़ी में फं से थे, दो घंटे की मशक्कत के बाद गाड़ी के गेट काटकर शवों को बाहर निकाला गया। इसके बाद रात में ही पुलिस ने तीनों के शव ललितपुर स्थित पोस्टमार्टम हाउस भेज दिए, जहां कोतवाली पुलिस ने तीनों शवों का पोस्टमार्टम कराया गया।
इनमें मोनू उर्फ गौरव जैन दो भाइयों में बड़ा था, लेकिन उसके छोटे भाई की छह साल पहले ही बीमारी के दौरान मौत हो गई थी। मृतक मोनू की एक पुत्री और एक पुत्र है। मृृतक गुड्डू मलिक चार भाइयों में सबसे छोटा था और उसके दो पुत्र हैं। तीसरा मृतक कल्लू दो भाइयों में सबसे छोटा था और उसके दो पुत्र और एक पुत्री है। गुड्डू मलिक टीकमगढ़ जिला अंजुमन सदर मोहम्मद रज्जाक का छोटा भाई था।