ललितपुर। खेलों को बढ़ावा देने और गांव के बच्चों की प्रतिभा निखारने के लिए जिले की ग्राम पंचायतों में 10 से 30 लाख रुपये की लागत से 18 खेल मैदान का काम वर्ष 2022 में शुरू हुआ था। लेकिन, दो वर्ष बाद सिर्फ दो खेल मैदान ही पूरे हो पाए हैं। बाकी अधूरे पड़े हैं। इस कारण गांव की खेल प्रतिभा निखर नहीं पा रही है।
शासन के निर्देश पर ग्रामीण क्षेत्रों की खेल प्रतिभा निखारने के लिए वर्ष 2022 में ब्लॉक जखौरा, बिरधा, महरौनी, मड़ावरा, बार, तालबेहट में 18 खेल मैदान बनाने का काम शुरू हुआ था। डेढ़ से तीन एकड़ में बनने वाले इन खेल मैदानों की लागत 10 से 30 लाख थी। इनके निर्माण का काम मनरेगा से कराया गया। शुरुआत में तो खेल मैदान का निर्माण जोर-शोर और तेजी से हुआ। लेकिन जैसे-जैसे समय गुजरा, वैसे-वैसे प्रगति थमने लगी। वर्तमान में हालत ये हो गई कि इनका काम ठप पड़ा गया। हालांकि, अधिकारियों का निर्देश मिलने पर इनका काम शुरू करवा दिया जाता है लेकिन कुछ दिनों तक चलता है। ऐसे में खेल मैदान दो वर्ष बाद भी अधूरे पड़े हैं। 18 खेल मैदानों में से सिर्फ दो ग्राम मिर्चवारा और सेरवास कलां का खेल मैदान ही पूरा हुआ है। शेष 16 अभी भी अधूरे हैं। इस कारण से इनका लाभ गांव के युवाओं और बच्चों को नहीं मिल पा रहा है।
खेल मैदान में रहेंगी ये सुविधाएं
ग्राम पंचायतों में निर्मित होने वाले खेल मैदानों में बाउंड्रीवाल, बैडमिंटन कोर्ट, बॉस्केटबॉल मैदान, वालीबॉल मैदान, एथलेटिक्स ट्रैक सहित अन्य खेल सुविधाएं रहेंगी। इन खेल मैदानों के रखरखाव की जिम्मेदारी ग्राम पंचायतों को संभालनी है।
इन ग्राम पंचायतों में बन रहे हैं खेल मैदान
जखौरा के ग्राम सिरसी, पिपरा, जखौरा, मिर्चवारा, सीरोंनकलां, मसौराकलां, जबकि ब्लॉक बिरधा अंतर्गत ग्राम जाखलौन, ठगारी और ब्लॉक बार के ग्राम पाह, गदयाना में खेल मैदान बनाए जा रहे हैं। ब्लॉक मड़ावरा के ग्राम धवा, गौना, ककरुआ, नाराहट और ब्लॉक महरौनी के ग्राम पठा, सतवांसा और ब्लॉक तालबेहट के ग्राम सेरवास कलां व पवा में खेल मैदान बनाए जा रहे हैं।
खेल मैदानों को पूरा कराने के लिए संबंधित अधिकारी को निर्देशित किया जाएगा। जल्द ही काम पूरा करवा लिया जाएगा। - केके पांडेय, सीडीओ।