गांव वालों की शर्त, दो किलीमीटर की सड़क बनवाने वाले को ही वोट देंगे
झांसी। बड़ागांव ब्लॉक की मुस्तरा ग्राम पंचायत के मतदाताओं ने सामूहिक तौर पर तय किया कि गांव के दो किलोमीटर लंबे कच्चे रास्ते में सड़क बनवाने वाले को ही वोट करेंगे। मतदाता अपनी इसी शर्त की कसौटी पर उम्मीदवारों को कस रहे हैं।
करीब तीन हजार आबादी वाली मुस्तरा ग्राम पंचायत इस बार सामान्य सीट केलिए तय हुई है। गांव की अधिकांश आबादी खेती-किसानी से जुड़ी है। सिंचाई समेत पीने के पानी की पर्याप्त व्यवस्था है। लेकिन गांव से बाहर आने-जाने का रास्ता अभी तक कच्चा है। ग्रामीणों का कहना है इसी कच्चे रास्ते से गांव के लोग शहर की ओर जाते है। हालांकि दूसरा रास्ता पक्का है लेकिन वह करीब दस किलोमीटर लंबा है। इस नाते मजबूरी में इसी कच्चे रास्ते का इस्तेमाल करना पड़ता है। स्कूली बच्चे समेत कामकाजी लोग इसी रास्ते का इस्तेमाल बाहर निकलने के लिए करते हैं। कच्चे रास्ते के बगल में तालाब है। बारिश में यह पूरा भर जाता है। ग्रामीणों के मुताबिक पिछले कई वर्षों से यह परेशानी बनी है लेकिन, पंचायत चुनाव आते ही पूरे गांव के लोगों ने मिलकर तय किया कि इस कच्ची सड़क को बनवाने वाले उम्मीदवार के लिए ही पूरे गांव के लोग वोट करेंगे। इस सीट से कुल चार उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं।
गांव का रास्ता सखी के हनुमान मंदिर के पास निकलता है लेकिन, पूरा रास्ता कच्चा है। स्कूल जाने वाले बच्चों को काफी परेशानी होती है। डालचंद्र
गांव के लोगों ने तय किया है जो उम्मीदवार इस रास्ते को बनवाने का पक्का वायदा करेगा, उसे ही सभी मिलकर वोट करेंगे। स्वरूपसिंह यादव
सभी लोग इसको लेकर एकमत हैं। हम लोगों ने सामूहिक फैसला किया है। सबके सामने प्रधान उम्मीदवार को इसका वायदा करना होगा। नेशनल सिंह
कच्चा रास्ता होने की वजह से पूरे गांव के लोग परेशान होते हैं। चुनावों का फायदा सिर्फ नेताओें को होता है, अबकी हम लोगों की डिमांड पर काम कराना होगा। परशुराम
पूरे गांव ने सामूहिक फैसला किया है। हम लोगों के लिए गांव की यह सड़क ही मुख्य मुद्दा है। हरिशंकर