झांसी। अभिभावकों की अनदेखी और शिक्षकों की नरमी से पॉलीटेक्निक का छात्र भरत दुष्कर्म का आरोपी बन गया। कॉलेज प्रशासन को लगातार भरत के साथी छात्रों से पैसा छीनने व मारपीट की शिकायतें प्राप्त हो रही थीं। कॉलेज की ओर से छात्र के अभिभावकों को तीन बार बुलावा भेजा गया था, परंतु वे नहीं आए। वहीं, छात्र के अभिभावक को बुलावा भेजने से अधिक कोई कार्रवाई कॉलेज प्रशासन ने भी नहीं की। ये ढिलाई छात्र के भविष्य पर भारी पड़ गई।
महोबा जिले के थाना कबरई के छानीकला निवासी लल्ला कुशवाहा का पुत्र भरत कुमार कुशवाहा ने पॉलीटेक्निक कॉलेज की मेकेनिकल ऑटो ट्रेड में पिछले साल दाखिला लिया था। शुरुआत से ही इसकी शिकायतें कॉलेज प्रशासन को मिलने लगी थीं। एक साल के भीतर ही कॉलेज प्रशासन के समक्ष भरत की चार शिकायतें पहुंच गईं थीं। उस पर साथी छात्रों से मारपीट करने और रुपये छीनने के आरोप लगाए गए थे। इसके अलावा कॉलेज में होने वाले हर उपद्रव में भी उसका नाम सामने आने लगा था। फिर चाहे वो सीनियर और जूनियर छात्रों के बीच मारपीट हो या स्थानीय और बाहरी छात्रों के बीच की लड़ाई, सभी में भरत का नाम आगे आता था।
छात्र भरत के खिलाफ शुरुआत से ही शिकायतें आने लगीं थीं। पैसा छीनने व मारपीट के आरोप उस पर लगाए गए थे। तीन बार उसके परिवारों को सूचना दी थी। लेकिन, कोई नहीं आया।
- नवीन कुमार, प्रधानाचार्य - राजकीय पॉलीटेक्निक