संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। होटल मैनेजर का अपरहण कर फिरौती लेकर छोड़ने के मामले में पुलिस ने बृृहस्पतिवार को मुठभेड़ कर दंपती समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बताया कि अपहृत के पिता की तहरीर पर पुलिस मामला दर्ज कर बदमाशों की तलाश कर रही थी। लिस ने चारों पकड़कर उनके पास से दो तमंचे,कारतूस व वारदात में इस्तेमाल की गई कार व चार मोबाइल फोन बरामद कर लिए हैं।
शहर कोतवाली के बड़ागांव गेट बाहर मोहल्ला निवासी किशन श्रीवास ने बताया कि उनका बेटा भरत श्रीवास (27) कचहरी चौराहा स्थित विकास होटल में मैनेजर है। 19 मई को बेटा होटल में बैठा था तभी एक युवती का कॉल आया और बताया कि वह होटल की ग्राहक हैं। गाड़ी खराब हो गई इसलिए लेने के लिए नंदनपुरा नहर पर आ जाओ।
बेटा बाइक उठाकर नहर पर पहुंच गया। वहां युवती कार लेकर खड़ी थी। पास में पहुंचते ही कार से तीन युवक उतरे और बेटे को जबरन कार में डालकर अगवा कर लिया। यहां से बदमाश उसे मध्य प्रदेश के निवाड़ी और टीकमगढ़ के जंगलों में ले गए। किशनलाल श्रीवास ने बताया कि शाम करीब 6:30 बजे अज्ञात नंबर से कॉल आया। कॉल रिसीव करते ही अनजान युवक ने बताया कि उसने भरत का अपहरण कर लिया और भरत से बात भी कराई।
पहले बदमाशों 50 हजार रुपये, फिर 32 हजार की फिरौती मांगने लगे। इधर किशनलाल ने पूरा मामला नवाबाद पुलिस को बताया। सूचना पाकर पुलिए हरकत में आ गई लेकिन अपहरणकर्ता द्वारा बार-बार नंबर बंद करने से पुलिस लोकेशन ट्रेस नहीं कर सकी। 30 हजार में सौदा पक्का होने पर उन्होंने ऑनलाइन रुपया भेजने के बाद बदमाश भरत को नंदनपुरा के आगे नहर के पास छोड़कर भाग गए।
भरत के लौटने पर पुलिस ने सुरागरशी तेज कर दी। सीओ सिटी लक्ष्मीकांत गौतम ने बताया कि बृहस्पतिवार को सूचना पाकर पुलिस ने भगवंतपुरा से करगुवांजी वाले कच्चे रास्ते पर घेराबंदी कर ली। बदमाशों और पुलिस का आमना-सामना होते ही बदमाशों ने पुलिस को देख फायरिंग कर दी। पुलिस ने पीछा कर निवाड़ी के कंचनपुरा मोहल्ला निवासी रोहिणी सूतकार, उसके पति रोहित पुरोहित , बृजेंद्र दुबे और निवाड़ी के नई बस्ती निवासी रितिक अहिरवार को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से दो तमंचा, एक जिंदा कारतूस, एक खोखा, 4 मोबाइल और वारदात में इस्तेमाल कार बरामद कर ली है।