झांसी। सोमवार को जिला अस्पताल व सीएमओ कार्यालय में फिटनेस प्रमाणपत्र बनवाने के लिए शिक्षामित्रों की भीड़ उमड़ पड़ी। इससे वहां पर अव्यवस्था हो गई और हंगामे की स्थिति बन गई। इस पर सीएमओ ने तीन चिकित्सकों को प्रमाणपत्र बनाने के लिए लगाया।
गौरतलब है कि शिक्षामित्रों को सहायक शिक्षक पद के लिए समायोजित किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने कंडीशनल ज्वाइनिंग के निर्देश मातहतों को दिए हैं। इसी क्रम में सहायक अध्यापक पद पर नियुक्ति के पूर्व उनसे फिटनेस प्रमाणपत्र मांगा गया है। सोमवार को अचानक फिटनेस प्रमाणपत्र बनवाने के लिए करीब पांच सौ शिक्षामित्रों की भीड़ जिला अस्पताल में उमड़ पड़ी।
इतनी भीड़ देखकर स्वास्थ्य अधिकारियों के होश उड़ गए। अधिकारियों ने बताया कि शिक्षा विभाग या किसी के द्वारा इतने लोगों के प्रमाणपत्र बनवाने की पूर्व में कोई सूचना नहीं दी गई थी। इसके बाद शीघ्र प्रमाणपत्र बनवाने को लेकर हंगामे की स्थिति बन गई। बाद में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. विनोद कुमार यादव ने सभी से शांत रहने की अपील की। बावजूद स्थिति में सुधार नहीं होने पर उन्होंने पुलिस बुलाने की चेतावनी दी, तब जाकर शिक्षामित्र व्यवस्थित हुए। व्यवस्था बनाने की दृष्टि से सीएमओ ने प्रमाणपत्र बनाने के लिए तीन चिकित्सकों को लगाया। देर शाम तक सीएमओ कार्यालय द्वारा 279, जिला अस्पताल में 122 व एडिशनल सीएमओ द्वारा 128 प्रमाणपत्र बनाए गए।
एक सप्ताह तक जमा कर सकते हैं फिटनेस प्रमाणपत्र
झांसी। 877 शिक्षामित्रों को सहायक अध्यापक पद पर समायोजित किया जा रहा है। इससे पूर्व उनसे फिटनेस प्रमाणपत्र मांगा गया है। सोमवार को 529 शिक्षामित्रों ने प्रमाणपत्र बनवा लिए। वहीं, जो लोग शेष रह गए हैं उनको घबराने की जरूरत नहीं है। डिप्टी बीएसए के मुताबिक शिक्षामित्रों को एक सप्ताह के भीतर प्रमाणपत्र बनवाकर जमा करने का मौका दिया गया है।