झांसी। पहले बांध के लिए सरकार को जमीन बेचकर रकम हासिल कर ली और बाद में उसका बैनामा किसी दूसरे के नाम भी कर दिया। प्रशासन की पड़ताल में यह मामला सामने आया। इस पर आरोपी पिता व दो पुत्रों के खिलाफ सीपरी बाजार थाने में धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज किया गया है।
सिंचाई विभाग द्वारा साल 2013 में सदर तहसील के मौजा नयागांव में 0.238 हेक्टेअर जमीन जीवनशाह निवासी नासिर खान से ली गई थी। यह जमीन प्रदेश के राज्यपाल के नाम से बांध के लिए ली गई थी। इसके एवज में भूमि विक्रेता नासिर खान को 13 लाख 69 हजार रुपये की धनराशि दी गई थी। लेकिन, आरोप है कि जमीन का दाखिल खारिज होने से पहले नासिर खान ने इस जमीन में से 0.119 हेक्टेअर जमीन का बैनामा आठ नवंबर 2013 को एक महिला को कर दिया, जबकि पहले से ही ये जमीन राज्यपाल के पक्ष में बेची जा चुकी थी। पड़ताल में मामला सामने आने के बाद विभागीय निर्देश पर सिंचाई विभाग के निर्माण खंड पंचम में तैनात सींचपाल शैलेंद्र कुमार ने शिकायत सीपरी बाजार थाने में दर्ज कराई। इस पर पुलिस ने नासिर खान तथा उसके बेटे आसिफ खान व आदिल खान के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।
बता दें कि अमर उजाला ने इस जमीन के संबंध में 26 जून के अंक में ‘अब राज्यपाल के नाम दर्ज जमीन पर भी हो गया कब्जा’ खबर प्रकाशित की थी। इससे हरकत में आए प्रशासन ने मामले की जांच शुरू की थी, जिसमें उक्त खुलासा हुआ है।
आरोपी ने पहले जमीन सिंचाई विभाग को दी थी, जिसके एवज में उसे तय धनराशि भी दी गई थी। लेकिन, दाखिल खारिज होने से पहले उसने उस जमीन के कुछ भाग का सौदा किसी दूसरे को कर दिया था। जांच में यह बात सामने आने के बाद मुकदमा दर्ज कराया गया है।
- सान्या छाबड़ा, एसडीएम (सदर)