गरौठा(झांसी)। हाईटेंशन लाइन में फाल्ट आ जाने से खेत में कटी तीन बीघा की गेहूं की फसल आग से जलकर राख हो गई। इससे किसानों को लाखों रुपये का नुकसान हो गया। किसान ने जली फसल का मुआवजा दिलवाने की मांग की है। फसल जलने से किसान के सामने भी रोजी रोटी का संकट पैदा हो गया है।
गर्मी शुरू होते ही तेज हवाओं से जर्जर बिजली के तार टूटकर गिरते हैं। इससे गेहूं की खड़ी फसल जल जाती है। इस समय लॉकडाउन की वजह से बिजली विभाग के कर्मचारी भी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं। लॉकडाउन में कटाई के लिए मजदर न मिलने से फसल भी काटने में दिक्कत हो रही है। रविवार को हाईटेंशन की लाइन में फाल्ट होने से चिंगारी खेत में गिर गई। इससे खेत में काटकर रखी गेहूं की जल गई। आग लगने की सूचना पर मौके पर पहुंचे फायरब्रिगेड कर्मचारियों ने किसी तरह आग पर काबू पाया। तब तक लगभग तीन बीघा की फसल जलकर खाक हो गई । पीड़ित किसान ने घटना की सूचना तहसील प्रशासन के कर्मचारियों को दे दी है । गरौठा तहसील के ग्राम रमपुरा निवासी मनीराम नापित की तीन बीघा जमीन में गेहूं की फसल कटी पड़ी थी । रविवार को दोपहर गरौठा से सुजानपुरा के लिए निकली हाईटेंशन की लाइन में अचानक फाल्ट से निकली चिंगारी से खेत में कटी पड़ी गेहूं की फसल आग लग गई । घटना की सूचना गांव के लोगों ने फायरब्रिगेड को दी । मौके पर पहुंचे कर्मचारियों ने आग की लपटो पर मुश्किल से काबू पाया। तब तक तीन बीघा गेहूं की फसल जलकर खाक हो गई । पीड़ित किसान मनीराम नापित उर्फ अंची ने बताया कि उसके पास महज पांच बीघा जमीन है जिसमें गेहूं की फसल बोई गई थी । फाल्ट आने से उसके खेत में कटी तीन बीघा गेहूं की फसल जलकर खाक हो गई । परिवार में चार पुत्री एक पुत्र के अलावा पति पत्नी घर में मौजूद है । आग लग जाने से सालभर का भरण पोषण के लिए इतनी ही जमीन में फसल बोई गई थी जो जल कर खाक हो गई। पीड़ित किसान ने तहसील प्रशासन से मुआवजा दिलाने की मांग की है।