झांसी। झांसी जन महोत्सव के अंतर्गत लगे मेले में लजीज व्यंजनों की खुशबू फैली हुई है। गुजरात, राजस्थान, अवध क्षेत्र के पकवान हों अथवा चाऊमीन, बर्गर, अमेरिकन भुट्टा लोगों की विशेष पसंद बने हुए हैं।
वीरांगना रानी लक्ष्मीबाई के ऐतिहासिक दुर्ग की तलहटी में स्थित क्राफ्ट मैदान में लगे मेला में देशी विदेशी व्यंजन की खुशबू तैरती रहती है। संवाईं माधोपुरा से राजस्थानी थाली सहित प्याज, मूंग दाल, मावा की कचौरियां, जोधपुरी मिर्च, गाजर का हलवा सहित कई मनभावन व्यंजन लेकर आए दिनेश के मुताबिक थाली में दस से ज्यादा व्यंजन हैं, जिनमें रोटी गट्टे की सब्जी, दाल बाटी, मिस्सी रोटी, चूरमा का लड्डू आदि शामिल हैं, जो लोगों में काफी पसंद किए जा रहे हैं।
वहीं अवध क्षेत्र क ी रसोई का प्रतिनिधित्व लखनऊ का वेज पराठा व सोयाबीन से बना कबाब कर रहा है। लखनऊ के शफकत एवं जहीर ने बताया कि पराठा में मैदा सूजी एवं कबाब में सोयाबीन, कस्तूरी मैंथी, चने की दाल एवं आलू का प्रयोग किया जाता है। चंबल क्षेत्र की मिठाई खजला औरैया से लेकर आए राम प्रताप गुप्ता ने बताया कि मैदे, मावा से निर्मित खजला अधिकांश मौके पर मेले महोत्सव में मिलता है। मीठा व नमकीन स्वाद वाला खजला चंबल क्षेत्र में क ाफी पसंद किया जाता हैं। यह 160 रुपये किलो से प्रारंभ है।
देशी व्यंजनों के बीच अमेरिकन भुट्टा भी महोत्सव में अपनी अहम जगह बनाए हुए है। विशेषता यह है कि यह भुट्टा जलती लकड़ी व कोयले पर भुनता नहीं है। बल्कि इसे उबाल कर टेस्टी मसाले के साथ खाया जाता है। भुट्टा विक्रेता अर्जुन सिंह राठौर के मुताबिक महोत्सव में अमेरिकन भुट्टा ने अपनी खासी पहचान बना ली है।
हालांकि इतना सब कुछ खाने के पश्चात उसे पचाने की भी आवश्यकता है। इसे पूरा करते हैं ग्वालियर के जीतू जैन, जो खास चटपटे चूर्ण व पाचक गोलियां लाए हैं। अदरक से बनी गोलियां, आंवला कैंडी, अजवायन की गोली, हींग बटी एवं कलकत्ता व बनारसी पान लोगों को बेहद पसंद आ रहे हैं।
पंडाल को दिया राज दरबार का लुक
कोलकाता के कारीगरों द्वारा रंग बिरंगे कपड़ों से तैयार डिजाइन एवं उनमें लगे प्रकाश फैलाते फिरोजाबादी झूमर मुक्ताकाशी मंच पर आम जनता को पंडाल में राजसी वैभव का अहसास कराएंगे। पंडाल परिसर में लगभग 3500 लोगों के कुर्सी पर बैठने क ी एवं लगभग पांच हजार लोगों के खडे़ होकर कार्यक्रम देखने की व्यवस्था की जा रही है।
झांसी जन महोत्सव के मुख्य संयोजक राजीव राय के मुताबिक पंडाल पूरा वॉटर प्रूफ रहेगा, ताकि मौसम से पंडाल में बैठे दर्शक प्रभावित न हो सकें। वही पंडाल को राज दरबार का लुक दिया जा रहा है। मुख्य द्वार को पिरामिड में तैयार किया गया है। समूचे पंडाल में अत्याधुनिक रंग बिरंगी लाइटें कार्यक्रम के अनुसार जलेगंी। व
हीं पंडाल में वीआईपी के साथ आने वाले सुरक्षा कर्मियों, ड्राइवरों एवं अर्दली तथा मीडिया कर्मियों के बैठने के लिए अलग से व्यवस्था की जाएगी। उनके अनुसार पंडाल में कार्यक्रम नजदीक से देख सकें, इसके लिए मुख्य मंच पर एवं पंडाल में जगह जगह एलईडी लगाई जाएंगी। पंडाल में आम जनता का प्रवेश नि:शुल्क रहेगा।
दो करोड़ रुपये का बीमा हुआ मेला का
झांसी जन महोत्सव समिति के पदाधिकारियों की हुई बैठक में सुभाष गंज व्यापार मंडल के पदाधिकारियों ने 30 दिसंबर को आयोजित राजस्थानी लोक नृत्य के प्रायोजक बनने की जिम्मेदारी ली है। बैठक में मुख्य संयोजक राजीव राय ने बताया कि सुरक्षा की दृष्टि से मेला का दो करोड़ रुपये का बीमा बुधवार को कराया गया है।
वहीं ठंड से बचने के लिए मेला क्षेत्र में दो जगह अलाव की व्यवस्था की गई है। इस अवसर पर अध्यक्ष मुकुंद महरौत्रा, मेला प्रभारी दिनेश भार्गव, संयोजक डा. बाबूलाल तिवारी, विकास वैभव, इंदिरा गुप्ता, धर्मेंद्र साहू, सौरभ रावत भांजे, राधा गर्दे, डा. श्वेता पांडे, प्रगति शर्मा, सोम कांत निगम, अरुण राय, विजय जैन, हरी गेड़ा, अरुण द्विवेदी, रामेश्वर राय आदि मौजूद रहे।