संवाद न्यूज एजेंसी
झांसी। सिंचाई के लिए अब किसानों को बिजली या फिर डीजल की खपत पर होने वाले खर्च से मुक्ति मिल जाएगी। इसके लिए किसानों को सोलर पंप के लिए आवेदन करना होगा। यह सोलर पंप किसानों को 60 प्रतिशत से अधिक सब्सिडी पर दिया जाएगा। सोलर पंप का लाभ उन्हीं किसानों को मिलेगा, जिनके खेत तालाब, पोखर या फिर नहर किनारे होंगे।
जनपद में 2.90 लाख लघु व सीमांत किसान हैं। प्रदेश सरकार बिजली और डीजल की कृषि क्षेत्र में खपत कम करने, पर्यावरण प्रदूषण बचाने और किसानों को कम लागत में अधिक मुनाफा दिलाने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। इसी के तहत बिजली कनेक्शन को कम करके सोलर पंप को सिंचाई व्यवस्था में शामिल किया जा रहा है। दो से 10 हार्स पॉवर तक के सोलर पंपों द्वारा सिंचाई करने को प्रोत्साहित किया जा रहा है। अभी तक सोलर पंप पर 60 फीसदी अनुदान दिया जाता है।
योजना के लाभ
- सोलर पंप से किसानों को सिंचाई के लिए बिजली और डीजल की बचत होगी।
-अतिरिक्त बिजली को ग्रिड में बेचकर किसान अतिरिक्त आय भी अर्जित कर सकते हैं।
-योजना के तहत जनपद में 16 सोलर पंप लगाने का लक्ष्य है।
- ट्रॉली माउंटेड होने के कारण इसे एक स्थान से दूसरे स्थान पर आसानी से ले जाया जा सकता है।
- पंप के साथ अन्य सामग्री किसानों को प्रदान की जाएगी।
आवश्यक दस्तावेज़
-आधार कार्ड
- जमीन के दस्तावेज़
- बैंक खाता विवरण
किसानों को लाभ देने की प्रदेश सरकार से लक्ष्य प्राप्त हुआ है। जो किसान इसका लाभ लेना चाहते हैं वह विकास भवन स्थित लघु सिंचाई विभाग से जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।- मानवेंद्र सिंह, सहायक अभियंता