अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। झांसी की आन, बान और शान हैं महारानी लक्ष्मीबाई। झांसी का नाम विश्व मानचित्र पर अंकित है। यहां अनेक विभूतियों ने जन्म लिया है। बाहर से आने वाले लोगों को भी झांसी खूब भाता है। उनमें से कई तो यहां ही आवास बना लेते हैं। झांसी दिवस पर एलवीएम में हुई सांस्कृतिक संध्या में ये बातें मेयर बिहारी लाल आर्य ने कही।
झांसी के प्रथम स्थापना दिवस पर शुक्रवार को सुबह मैराथन निकलने के बाद जिला प्रशासन और नगर निगम द्वारा शाम को लक्ष्मी व्यायाम मंदिर में एक शाम झांसी के नाम से कार्यक्रम में मेयर ने कहा कि सरकार ने झांसी समेत बुंदेलखंड के लिए कई परियोजनाओं को मंजूरी दी है। इससे यह क्षेत्र विकास के पथ पर चल रहा है। वहीं, कार्यक्रम में लोकमान्य तिलक और आर्यकन्या पब्लिक स्कूल के विद्यार्थियों ने देशभक्ति गीतों पर प्रस्तुति दी। लोक कलाकार वीरेंद्र भदौरिया ने बुंदेली वाद्ययंत्र बजाया। इससे पहले मेयर, एमएलसी रमा निरंजन, डीएम अविनाश कुमार, नगर आयुक्त सत्य प्रकाश, बंगरा ब्लॉक प्रमुख इं. भारती आर्य ने दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
कार्यक्रम में पूर्व मंत्री रतनलाल अहिरवार, हरगोविंद कुशवाहा, मुकुंद मेहरोत्रा, रविंद्र शुक्ला, डॉ. एमएल आर्या, डॉ. राघवेंद्र सिंह, पार्षद हरिओम मिश्रा, पार्षद आशीष तिवारी, अमित साहू, संतराम पेंटर, अविनाश भार्गव, कंचन आहूजा, ऊषा सेन, शैलेंद्र प्रताप सिंह, राहुल तिवारी आदि मौजूद रहे।