झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय परिसर में निर्माणाधीन आगंतुक कक्ष के लिए मौरंग उतार रहे डंपर चालक की लापरवाही से दर्जनों बच्चों की जान जोखिम में पड़ गई। डंपर में फंसे तार के दबाव से बिजली का खंभा टूटकर स्कूल बस पर गिर पड़ा। गनीमत रही कि तार कुछ इंच की दूरी के चलते बस से छुए नहीं, वरना बड़ा हादसा हो सकता था। पुलिस ने डंपर को कब्जे में ले लिया है।
बुंदेलखंड विश्वविद्यालय के आवासीय क्षेत्र में एंट्री गेट के पास ही आगंतुक कक्ष बना हुआ है। कक्ष में कुछ कार्य शेष रह गया है, जिसके लिए बृहस्पतिवार अपराह्न करीब पौने तीन बजे एक डंपर मौरंग लेकर आया हुआ था। मौरंग उतारते समय खंभे में लगे तार डंपर के ट्राला से टकरा गए।
ठीक उसी समय बीयू परिसर में रहने वाले शिक्षक, कर्मचारियों के बच्चों को छोड़ने के लिए एक प्राइवेट स्कूल की बस गेट से अंदर दाखिल हुई। बस में करीब तीन दर्जन बच्चे थे। डंपर के ट्राला का अधिक लोड पड़ने से बिजली के तार फंसकर नीचे आ गए, जिसका दबाव खंभा नहीं झेल सका और बीच से टूटकर स्कूल बस पर गिर पड़ा।
इससे हड़कंप मच गया। चालक ने बस रोक दी। सुरक्षा गार्डों ने आनन-फानन में बच्चों को बस से नीचे उतारना शुरू कर दिया। गनीमत रही कि खंभे में लगे तार बस को छुए नहीं, वरना करंट फैल सकता था। बच्चों को सुरक्षित निकालने के बाद पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस डंपर और चालक को पकड़कर पुलिस चौकी ले आई। चौकी इंचार्ज का कहना है कि इस मामले में देर रात तक किसी ने तहरीर नहीं दी है।
खंभे की क्वालिटी पर उठे सवाल
झांसी। बस पर विद्युत खंभा टूटकर गिरने के बाद खंभे की क्वालिटी पर भी सवाल खड़े हो गए हैं। आम तौर पर दबाव पड़ने से तार बीच से टूट जाया करता है लेकिन इस घटना में तो खंभा ही बीच से दो धड़ों में हो गया। लोगों का कहना है कि खंभे में खराब मैटेरियल का इस्तेमाल किया गया है, वरना खंभे की जगह तार टूटते।