झांसी। महानगर में सरकारी विभागों की मनमानी का खामियाजा बृहस्पतिवार को जनता को भुगतना पड़ा। बिजली का बिल बकाया होने पर बिजली विभाग ने मेडिकल कॉलेज फीडर से जुड़े क्षेत्रों के ट्यूबवेल की बिजली काट दी। इसके चलते महानगर के बड़ागांव गेट समेत तमाम क्षेत्रों में लोग पानी के लिए तरसते रहे।
महानगर के मेडिकल कॉलेज फीडर से जल संस्थान के छह ट्यूबवेल को बिजली दी जाती है। इसमें चार ट्यूबवेल बड़ागांव गेट क्षेत्र और दो नारायण बाग इलाके में हैं। इन क्षेत्रों में भूगर्भ जल की कमी होने से करीब 30 हजार घरों के लोग ट्यूबवेल के पानी और टैंकरों से होने वाली जलापूर्ति पर निर्भर रहते हैं। बृहस्पतिवार को बिजली विभाग ने जनवरी माह से बिल जमा न होने पर छह ट्यूबवेलों की बिजली काट दी। इसके चलते घरों में पेयजल की आपूर्ति ठप रही। लोग पानी को तरसते रहे। लोगों ने ट्यूबवेल पर पहुंचकर जानकारी की, तो पता चला कि जल संस्थान की मनमानी के चलते दिक्कत हुई है। मामले में पार्षद किशोरी प्रसाद रायकवार ने बिजली विभाग के अवर अभियंता और उपखंड अधिकारी से बात की। उन्होंने कहा कि विभागों की मनमानी के चलते जनता को परेशान न किया जाए। जलसंस्थान के अधिकारियों ने भी बिजली विभाग के अधिकारियों से बात की। इसके बाद दोपहर बाद बिजली जोड़ी जा सकी।
पूरे दिन घनघनाते रहे फोन
पानी की सप्लाई न होने पर ट्यूबवेल ऑपरेटर के पास पूरे दिन फोन आते रहे। बिजली कटने की जानकारी देने पर लोगों ने आक्रोश जताया। कई लोगों ने जल संस्थान के अधिकारियों को फोन कर समस्या का समाधान कराने के लिए कहा।
लोग कहते हैं
पूरे क्षेत्र में पहले से ही पानी की किल्लत है। ऐसे में विभागों की गलती की वजह से जनता को दिक्कत हो रही है। - अंकित साहू
बिजली विभाग को यूं बिजली नहीं काटनी चाहिए थी। जनता की परेशानी को ध्यान में रखा जाए। पूरे दिन पानी नहीं आया। - कृष्णा अग्रवाल
बिजली कटने के बाद पानी की सप्लाई बंद हो गई। वैसे ही क्षेत्र में पानी को लेकर आए दिन समस्या होती है। - सूरज कोठारी
गर्मी में पानी का संकट परेशानी का सबब बन रहा है। बृहस्पतिवार को भी पानी की किल्लत रही। पूरे दिन नल नहीं आए। - चंद्रमोहन वर्मा