झांसी। रानी लक्ष्मीबाई केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय ने उर्वरकों, कीटनाशकों के छिड़काव के लिए कृषि ड्रोन लॉन्च कर दिया है। कुलपति प्रो. अशोक कुमार सिंह ने कहा कि ये तकनीकी किसानों के लिए एक क्रांतिकारी शुरूआत है। इसके उपयोग से 80 फीसदी तक उर्वरकों, कीटनाशकों की बचत होगी। ड्रोन 20 मिनट में एक एकड़ में छिड़काव कर देता है।
परियोजना के प्रभारी डॉ. एसएस सिंह ने बताया कि अन्य विधि की तुलना में ड्रोन से छिड़काव पांच गुना तेज होता है। परियोजना के नोडल अधिकारी डॉ. प्रशांत जाम्भुलकर ने बताया कि 250 हेक्टेयर खेत में कीटनाशक, उर्वरक छिड़काव का लक्ष्य रखा गया है। डॉ. आशुतोष शर्मा ने ड्रोन संचालन का प्रशिक्षण लिया है। वे किसानों के खेतों में जाकर कीटनाशक आदि का छिड़काव करेंगे। तरल उर्वरक या कीटनाशक के छिड़काव के लिए इस ड्रोन से न सिर्फ सटीक बल्कि अत्यधिक कुशलता से कार्य कर किसानों को समय बचाने में मदद करता है। ड्रोन 30 मीटर ऊंचाई तक जा सकता है और कंट्रोलर से एक किलोमीटर की दूरी तय कर सकता है। छिड़काव के लिए किसान विश्वविद्यालय से संपर्क करके किराए पर ले सकेंगे। इस दौरान अधिष्ठाता कृषि डॉ. एसके चतुर्वेदी, डॉ. अनिल कुमार, डॉ. योगेश्वर सिंह, डॉ. गौरव शर्मा, डॉ. तनुज मिश्रा मौजूद रहे।