झांसी। अपर सत्र न्यायाधीश न्यायालय संख्या पांच महेंद्र सिंह की अदालत ने साढ़ू के हत्यारे को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
अभियोजन पक्ष के अनुसार टीकमगढ़ के ग्राम पैतपुरा की कु. ममता ने कटेरा पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 13 जून 2014 को वह अपने पिता चंदू के साथ थाना कटेरा के ग्राम पठगुवां निवासी मौसा मुन्ना के यहां गई थी। मौसा उसके पिता व मौसी के संबंधों को लेकर शक करता था। इसी के चलते मौसा ने पिता की कुल्हाड़ी से प्रहार कर हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी मुन्ना पर धारा 302 के तहत मुकदमा दर्ज किया था। अदालत ने पूरे मामले की सुनवाई के बाद मुन्ना को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। एक लाख रुपये अर्थदंड भी लगाया। अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता रामकुमार पांडेय ने की।
पत्नी के हत्यारे को उम्र कैद
झांसी। न्यायालय अपर सत्र न्यायाधीश /विशेष न्यायाधीश एससी /एसटी एक्ट सुशील कुमार द्वितीय की अदालत ने पत्नी के हत्यारे को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।
अभियोजन पक्ष के अनुसार राजगढ़ निवासी रवींद्र आवलिया ने 23 जुलाई 2013 को बिजौली चौकी में दी तहरीर में बताया था कि जालौन के गांव बोधपुरा निवासी मदन बरार उसके मकान में किराए पर रहता था। रात करीब साढ़े दस बजे मदन की पत्नी शकुंतला बाजार से घर वापस आ रही थी। तभी मदन गली में अपनी पत्नी की हत्या कर भाग गया। इस मामले में अदालत ने मदन को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इसके अलावा मुकदमे के दौरान वादी के बयान से पलटने पर उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के आदेश दिए। अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता शारिक इकबाल ने की।