प्रेमनगर थाना क्षेत्र के राजगढ़ में रहने वाली एक महिला पिछले एक हफ्ते से लापता है। वह एक प्राइवेट कंपनी में कर्मचारी थी और ट्रेन से पीएफ निकालने दिल्ली गई थी।
मूलरूप से महोबा के पनवाड़ी निवासी ओमकार रिछारिया पत्नी मंजू रिछारिया (45) के साथ दिल्ली में अलग- अलग कंपनी में प्राइवेट काम करते थे। उनकी पत्नी एयर सेल कंपनी में एकाउंटेंट के पद पर कार्यरत थी। पिछले डेढ़ साल से दोनों नौकरी छोड़कर झांसी आ गए। यहां राजगढ़ स्थित पंच विहार कालोनी में मकान बनाकर वह अपने तीन बच्चों के साथ रहे हैं।
तीस अगस्त को महिला कंपनी में पड़ा पीएफ निकालने दिल्ली गई थी। महिला के पति का कहना है कि उन्होंने तीस अगस्त की सुबह दिल्ली जाने वाली श्रीधाम एक्सप्रेस में पत्नी को बिठाया था। इसके बाद वह हर संभव जगह उनकी तलाश कर चुके हैं, मगर कोई पता नहीं चल सका। यहां तक कि पत्नी कंपनी पीएफ लेने भी कंपनी नहीं पहुंची। उन्होंने ट्रेन में अनहोनी की आशंका जताई है। इस संबंध में पीड़ित ने रविवार को जीआरपी में प्रार्थना पत्र दिया।
इसी तरह नेपाल के धमेना थाना क्षेत्र के ग्राम धराजी वार्ड नंबर पांच निवासी चकरे आऊजी बंगलूरू में चौकीदारी करते हैं। तीन अगस्त को ट्रेन से उनका बेटा कलका आऊजी (31) निजामुद्दीन से बंगलूरू उनके पास काम के लिए जा रहा था, मगर इसके बाद से उसका कोई पता नहीं है। रविवार को लापता युवक के चाचा विनोद उसकी तलाश में झांसी आए। उन्होंने जीआरपी को गुमशुदगी की सूचना दी।