लहसुन की खेती (प्रतीकात्मक तस्वीर)
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खरीफ के फसल के नुकसान पर अब जिले के 1.30 लाख किसानों को 152 करोड़ रुपये क्षतिपूर्ति मिलेगी। गरौठा विधायक की मांग पर बीमा कंपनियों को नुकसान की क्षतिपूर्ति राशि में 33 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी करनी पड़ी है।
2019-2020 खरीफ की फसल बोने के बाद किसानों को प्राकृतिक आपदा से भारी नुकसान पहुंचा था। गरौठा विधायक जवाहर लाल राजपूत ने सरकार को किसानों को प्राकृतिक आपदा से नुकसान की समस्या से अवगत कराया था। विधानसभा में सवाल उठाकर और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को उड़द, मूंग, तिल, ज्वार, मक्का, बाजरा, मूंगफली व धान आदि को नुकसान की जानकारी देकर किसानों को शीघ्र क्षतिपूर्ति जारी करवाने की मांग की गई थी।
इस पर शासन के निर्देश पर बीमा कंपनी ने झांसी के किसानों को प्रथम दृष्टया हुए नुकसान के लिए 119 करोड़ 38 लाख की धनराशि जारी करने की स्वीकृति दे दी थी। इससे यहां एक लाख सात हजार 250 किसानों को खरीफ फसल की क्षतिपूर्ति देने का आंकलन किया गया था। लेकिन गरौठा विधायक ने इसे कम मानते हुए फिर सर्वे रिपोर्ट के आधार पर इजाफा करने की मांग की। विधायक ने बताया कि झांसी जिले के किसानों को खरीफ की फसल की क्षतिपूर्ति राशि को बीमा कंपनी ने 119 करोड़ से बढ़ाकर 152 करोड़ कर दिया है।
अब जिले के एक लाख 30 हजार 784 किसानों को प्रधानमंत्री फसल बीमा के तहत क्षतिपूर्ति दी जाएगी। विधायक ने बताया कि यह अभी भी प्रारंभिक आंकलन के हिसाब से क्षतिपूर्ति जारी की गई है। इसे फाइनल सर्वे के हिसाब से अभी और बढ़ाया जाएगा।