झांसी। कालोनी विकसित करने के लिए आवास विकास परिषद में झांसी में सहारा ग्रुप की जमीन खरीदने की योजना बना रहा है। इसके लिए तैयारी शुरू कर दी गई है। वहां आवासीय कालोनी बनाई जाएगी।
झांसी में आवासीय परियोजना विकसित करने के लिए एक दशक पूर्व सहारा ग्रुप ने यहां 158 एकड़ जमीन खरीदी थी। यह जमीन झांसी नगर से सटे उन्नाव बालाजी रोड पर स्थित है। लेकिन, सहारा की योजना अब तक धरातल पर नहीं उतर पाई और अब सहारा अपनी परिसंपत्तियों को बेच रहा है। ऐसे में आवास विकास परिषद ने सहारा की उक्त जमीन खरीदने की तैयारी शुरू कर दी है। इस जमीन की 15 जुलाई को नीलामी हुई थी, जिसमें इसकी रिजर्व प्राइज 212.49 करोड़ रुपये रखी गई थी। आवास विकास परिषद के अधिकारी भी नीलामी प्रक्रिया में शामिल होने पहुंचे थे, परंतु अन्य खरीदारों के न आने से नीलामी प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई। अब दुबारा से नीलामी होगी, हालांकि अभी इसकी तिथि तय नहीं हुई है। अगली नीलामी में शामिल होने की आवास विकास परिषद की पूरी तैयारी है।
शासन में पहुंची सूती मिल की फाइल
आवास विकास परिषद की दशकों से बंद पड़ी सूती मिल में कालोनी विकसित करने की योजना है। हालांकि, अभी यह मामला फाइलों में ही कैद है। सूती मिल की जमीन को आवास विकास परिषद को आवंटित करने के लिए प्रदेश के आवास आयुक्त ने प्रमुख सचिव औद्योगिक विकास के पास प्रस्ताव भेजा है। अभी इस संबंध में निर्णय नहीं हो पाया है।
मुकदमों में फंसी कालोनी की योजना
आवास विकास परिषद ने झांसी - कानपुर बाईपास से सटी 44 एकड़ जमीन अधिग्रहित की है। इस पर कालोनी विकसित करने की योजना है, लेकिन जमीन के कुछ टुकड़ों पर मुकदमेबाजी शुरू हो गई है। उच्च न्यायालय से स्टे दे रखा है। इससे कालोनी निर्माण की योजना फिलहाल ठंडे बस्ते में है।
लोगों को सस्ती दरों पर मिलेंगे आवास
सहारा की यहां 158 एकड़ जमीन है। यह नीलामी के जरिये बेची जाएगी। इस जमीन को आवास विकास परिषद की खरीदने की तैयारी है। यहां वृहद आवासीय परियोजना विकसित की जाएगी। इससे शहर का विकास होगा। साथ ही लोगों को सस्ती दरों पर सुनियोजित आवासीय सुविधा मिलेगी। इसके अलावा सूती मिल की फाइल भी दौड़ रही है। जबकि, हाइवे के पास की जमीन पर कालोनी इस पर चल रहे मुकदमों के निस्तारित होने के बाद ही साकार हो पाएगी।
- एच एस शर्मा, प्रोजेक्ट मैनेजर - आवास विकास परिषद