झांसी। पुलिस लाइन में बृहस्पतिवार को ट्रेनिंग करके ड्यूटी पर आए सिपाहियों को डीआईजी शरद सचान ने कर्तव्य और निष्ठा की शपथ दिलाई। इस मौके पर उन्होंने कहा कि पुलिस वक्त के साथ खुद को बदले, परिवर्तन से मुंह न चुराएं, बल्कि उसे सीखे और तरक्की के रास्ते पर बढ़ें।
सुबह साढ़े सात बजे से पुलिस लाइन में ट्रेनिंग पूरी करने के बाद बावर्दी दुरुस्त सिपाही परिवार के साथ आ डटे। उनके चेहरे पर कठिन प्रशिक्षण पूरी करके अब नौकरी के लिए चुने जाने की चमक थी। एसएसपी मनोज तिवारी के संकेत पर 224 सिपाहियों ने शानदार परेड की। इसके बाद डीआईजी ने बताया कि शासन ने डायल 100 को और अधिक प्रभावी बनाया है। इसे कई चरणों में प्रदेश में लागू किया जाना है।
झांसी प्रथम चरण में लिया गया है। तकनीक में हम बहुत तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। पुलिस भी हाईटेक हो रही है। ऐसे में हमें शीघ्र ही इसे अपनाना चाहिये। यह वक्त की मांग है और जरूरी भी। पुलिस विभाग की सबसे अहम कड़ी सिपाही ही होता है। इस दौरान एसपी सिटी दिनेश कुमार सिंह, एसपी देहात अरुण कुमार दीक्षित आदि मौजूद थे।
डीआईजी शरद सचान ने सर्वोत्तम प्रशिक्षु सिपाही विपिन कुमार शुक्ला और सर्वोत्तम अंक पर सिपाही पवन कुमार को पुरस्कृत किया।
ईमानदारी से काम करूंगा। आज जो शपथ ली है, उसे नौकरी पर रहते नहीं भूलूंगा। चाहता हूं कि जनता को मुझसे किसी भी तरह की परेशान नहीं हो। मेरे लिए फक्र की बात है कि मुझे वर्दी मिली। इसका मान हर हाल में बरकरार रखूंगा।
-विपिन कुमार, करछना इलाहाबाद
-कुछ अलग काम करने की इच्छा है, ताकि पुलिस की जनता के बीच छवि सुधरे। मेरा हमेशा प्रयास होगा कि पीड़ित को न्याय मिले और मुझसे किसी तरह की परेशानी नहीं हो।
-पवन कुमार, जालौन
-मेरी इच्छा है कि पुलिस की नौकरी के दौरान कुछ ऐसा नया करूं जिससे जनता के बीच में पुलिस की छवि सुधरे। लोगों का पुलिस के प्रति विश्वास बढ़े।
राहुल यादव, ढकौर जालौन
कुछ अलग करना चाहता हूं। पुलिस की छवि सुधारने की कोशिश करूंगा। पीड़ित को न्याय दिलवाने की हर संभव कोशिश करूंगा।
नितेश सिंह, वाराणसी