सर्कस के इतिहास में ग्रेट जेमिनी सर्कस का 50 वर्ष का गौरवमयी इतिहास है। सर्कस में अफ्रीकन, केन्याई व चायनीज कलाकार हैरतअंगेज खेल दिखा रहे हैं।
शनिवार को सर्कस के मैनेजर कृष्णा ने बताया कि अपने 50 सालों के दौरान भारत के सभी प्रांतों के अलावा श्रीलंका, मलेशिया, सिंगापुर आदि में यह सर्कस अपने जानवरों के साथ नए- नए खेल प्रस्तुत कर चुका है। हाथी मेरा साथी, टार्जन व अन्य फिल्मों में ग्रेट जेमिनी सर्कस के कलाकार व जानवरों का योगदान रहा है। सर्कस में जोकर हैं जो हमेशा दर्शकों को हंसाने और भरपूर मनोरंजन कराते हैं। घोड़े, कुत्ते व आस्ट्रेलियन तोते द्वारा विभिन्न प्रकार के अनहोने कर्तव्य दिखाए जाते है जो दर्शकों को पसंद आते हैं। सर्कस का मुख्य आकर्षण अफ्रीकन, केन्याई व देश- विदेश के कलाकारों द्वारा फ्लाइंग ट्रपिश, रिंग आफ डेथ, गन शूटिंग, बैलेंसिंग ट्रेपिस, फायर डांस, रिंग डांस, स्प्रिंग नट, ग्लोब के अंदर मोटर साइकिल व जीप द्वारा ऊंची छलांग लगाना सराहनीय है। सर्कस प्रतिदिन तीन शो अपराह्न एक बजे, शाम चार बजे व सात बजे चलाया जा रहा है। जनता की सुविधा के लिए हर क्लास के गेट अलग- अलग बनाए गए हैं। बैठने की समुचित व्यवस्था की गई है।