बुंदेलखंड विश्वविद्यालय की धाक देशभर में है। केंद्रीय मंत्री रहे रामविलास पासवान के साथ-साथ बीयू की तरफ से देश-विदेश की कई मशहूर हस्तियों को भी मानद उपाधि से नवाजा जा चुका है। सूची में पूर्व प्रधानमंत्री वीपी सिंह से लेकर राजनेता, अभिनेता, वैज्ञानिक, खेल व शिक्षा जगत की बड़ी हस्तियों के नाम शामिल हैं।
केंद्रीय मंत्री रहे रामविलास पासवान ने बुंदेलखंड विश्वविद्यालय से परास्नातक की उपाधि प्राप्त की थी। साथ ही उन्हें मानद उपाधि भी बीयू ने दी थी। मगर मानद उपाधि की सूची में सबसे बड़ा नाम पूर्व प्रधानमंत्री वीपी सिंह का शामिल है। हालांकि, उन्हें निवास स्थान पर जाकर यह उपाधि दी गई थी। इसके अलावा महानायक अमिताभ बच्चन को भी बीयू ने डॉक्टरेट की उपाधि से नवाजा है।
सूची में पूर्व केंद्रीय मंत्री और भारतीय जनता पार्टी के दिग्गज नेता मुरली मनोहर जोशी का नाम भी है।
वहीं, पश्चिम बंगाल के राज्यपाल रह चुके प्रो. एआर किदवई, हरियाणा के गवर्नर रहे बाबू परमानंद, एमपी के राज्यपाल रहे भाई महावीर, झांसी के प्रथम सांसद राघुनाथ विनायक धूलेकर, पूर्व केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री सुशीला नय्यर, यूजीसी चेयरमैन रह चुके प्रो. हरि प्रताप गौतम, लोकसेवा आयोग के अध्यक्ष रहे माताप्रसाद, पूर्व अंतरराष्ट्रीय हॉकी खिलाड़ी अशोक ध्यानचंद, जापान यूनिवर्सिटी के चांसलर रहे दायसाकू ईकेटा को भी बीयू द्वारा मानद उपाधि से नवाजा जा चुका है। इसके अलावा कई वैज्ञानिकों को भी डॉक्टरेट की उपाधि मिल चुकी है।
क्या है मानद उपाधि
ऑनरेरी डिग्री देने का उद्देश्य यह है कि किसी ऐसे शख्स को सम्मानित करना, जिसने समाज में शानदार योगदान दिया हो। किसी विश्वविद्यालय द्वारा उस व्यक्ति को सम्मान देने से उस यूनिवर्सिटी का ही सम्मान बढ़ता है। किसी शख्स को उसके उत्कृष्ट काम या समाज में बेहतरीन योगदान देने के लिए ऑनरेरी डिग्री (मानद उपाधि) दी जाती है।