झांसी। बुंदेलखंड विश्वविद्यालय में फर्जी मार्कशीट के साथ दबोचे गए छात्र के खिलाफ अभी तक मुकदमा दर्ज नहीं कराया गया है। छात्र को फर्जीवाड़े में संलिप्त स्कूल संचालक के खिलाफ मुकदमा कराकर उसकी प्रति भेजने की बात पर छोेड़ा गया दिया था, लेकिन तय समय में छात्र द्वारा ऐसा नहीं करने पर बीयू प्रशासन भी मौन है।
गौरतलब है कि करीब एक सप्ताह पूर्व बीए तृतीय वर्ष की फर्जी मार्कशीट के साथ डिग्री बनाने आए दिल्ली निवासी छात्र को विभागीय कर्मचारियों ने पकड़ा था। छात्र की कर्मचारियों से नोकझोंक भी हुई थी। उसने फर्जी मार्कशीट की छायाप्रति छीनने का भी प्रयास किया था। बाद में छात्र को कुलसचिव के सामने पेश किया गया। पूछताछ में छात्र ने बताया कि दिल्ली के एक स्कूल संचालक के जरिए उसने बीए तृतीय वर्ष की परीक्षा दी थी।
बीए के प्रथम व द्वितीय वर्ष की मार्कशीट मांगने पर वह कोई जवाब नहीं दे पाया। जब विश्वविद्यालय अधिकारियों ने छात्र से उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाने की बात कही तो वह माता-पिता का स्वास्थ्य ठीक न होने की बात कहते हुए गिड़गिड़ाने लगा। इस पर विश्वविद्यालय अधिकारियों ने उसे स्कूल संचालक के खिलाफ दो दिन में मुकदमा दर्ज कर उसकी प्रतिलिपि उपलब्ध कराने की बात कहते हुए छोड़ दिया था।
इसके अलावा छात्र द्वारा ऐसा न करने पर दो दिन बाद उसके खिलाफ ही मुकदमा दर्ज कराने की भी बात कही गई थी, लेकिन निर्धारित समय बीतने के बावजूद अभी तक छात्र ने स्कूल संचालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं कराया है। वहीं, विश्वविद्यालय प्रशासन ने भी इस मामले में छात्र के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की है। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि छात्र से फोन पर बात की जा रही है।