झांसी। बिजली चोरी रोकने के लिए दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड ने पूरी तैयारी कर ली है। नए साल से जिले के लाइन लॉस और बिजली चोरी वाले फीडरों में रिवैंप योजना के तहत खंभे से मीटर तक आर्मड केबल डाली जाएगी।
बिजली चोरी रुक नहीं पा रही है। नगरीय क्षेत्र में ओरछा गेट, कसाई मंडी, सैंयरगेट अंदर और बाहर, पुलिया नंबर-9, नरियाबाजार, अलीगोल, थापक बाग, तालपुरा, गोविंद चौराहा, हंसारी, भट्टागांव और ग्रामीण क्षेत्र मऊरानीपुर, मोंठ, रानीपुर, बबीना, बड़ागांव, समथर आदि फीडरों पर 30 से 40 प्रतिशत लाइन लास हो रहा है। इसे कम किए जाने के लिए विभाग और विभाग की विजिलेंस टीमें लगातार चेकिंग कर रही हैं। इसके बाद भी लाइन लास कम नहीं हो रहा है। लोग केबल को काटकर आसानी से बिजली चोरी कर रहे हैं। जिसके चलते जिले के सभी लाइन लास और बिजली चोरी वाले फीडरों आर्मड केबल डाली जाएगी। इसके बाद अन्य क्षेत्रों में भी खंभे से मीटर तक केबल डालने का काम नए साल से किया जाएगा। इसके साथ ही रिवैंप योजना में तकरीबन 350 करोड़ की लागत से ऐसे क्षेत्र जहां पर बिजली लाइन नहीं हैं, वहां लाइन डालने और जर्जर तारों, खंभों को हटाने का कार्य कार्यदायी संस्था करेगी। इसके लिए संस्था ने जिले का पचास फीसदी से ज्यादा क्षेत्रों का सर्वे भी कर लिया है।
जिले में लाइन लास और बिजली चोरी वाले क्षेत्रों में कार्यदायी संस्था द्वारा सर्वे किया जा रहा है, जो पचास फीसदी से ज्यादा क्षेत्रों का हो चुका है। नए साल में इन सभी क्षेत्रों में आर्मड केबल डालने का काम किया जाएगा। - सरीन कुमार अग्रवाल, अधीक्षण अभियंता