झांसी। बुंदेलखंड औद्योगिक विकास प्राधिकरण (बीडा) झांसी ही नहीं समूचे बुंदेलखंड के विकास की नई इबारत लिखने जा रहा है। कभी पलायन के लिए जाना जाने वाला झांसी आने वाले कुछ सालों में नोएडा जैसा दिखने लगेगा। यहां बड़ी-बड़ी फैक्टरियों और कंपनियों के आने के बाद युवाओं के लिए गांवों में ही रोजगार और व्यापार के द्वार खुलेंगे। छोटे-छोटे उद्यम शुरू करने के भी अवसर प्राप्त होंगे।
झांसी के 33 गांवों में बीडा विकसित होने जा रहा है। बीडा का गठन होते ही झांसी बुंदेलखंड की औद्योगिक राजधानी के तौर पर पहचाना जाने लगेगा। बुंदेलखंड के युवाओं को रोजगार के लिए क्षेत्र से पलायन करना पड़ता है। देश भर की कंपनियों की इकाइयां यहां लगने के बाद बड़े स्तर पर रोजगार के अवसर मिलेंगे। बीडा के अंतर्गत 1021 पदों का सृजन भी हो चुका है। नोएडा की तरह ही आने वाले कुछ सालों में झांसी के गांवों की तस्वीर बदल जाएगी। यहां पर बड़ी-बड़ी इमारतें नजर आने लगेंगी। इससे आसपास के गांवों और झांसी में जमीन की कीमतें बढ़ जाएंगी। झांसी, ललितपुर समेत बुंदेलखंड देश भर में औषधियों के हब के रूप में भी पहचाना जाता है। ऐसे में बीडा में औषधीय पौधों की पैकेजिंग के लिए भी फैक्टरियां लग सकती हैं। मध्य प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान, महाराष्ट्र के लिए रोड कनेक्टिविटी बेहतर होने की वजह से यहां पर वेयर हाउस खुलने की भी पूरी संभावना है। बीडा के अंतर्गत स्कूल, कॉलेज भी खुलने हैं। ऐसे में छात्र-छात्राओं को शिक्षा के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। यहां पर बेहतर सड़कों का जाल बिछेगा।
ये भी जानें
- 35 हजार एकड़ जमीन पर बसना है बीडा
- अंतरराष्ट्रीय कंपनी तैयार करेगी मास्टर प्लान
- विश्वस्तरीय शहर की तरह तैयार होगा बीडा
- औद्योगिक के साथ-साथ आवासीय सुविधा भी होगी
बीडा बनने के बाद पूरे बुंदेलखंड का सर्वांगीण विकास होगा। यहां के युवाओं को रोजगार मिलेगा। छोटे-छोटे उद्यम शुरू होंगे। स्टार्ट अप बढ़ेंगे। प्रदेश में नोएडा के बाद झांसी में इतना बड़ा औद्योगिक गलियारा बन रहा है। बीडा बनने से क्षेत्र के लोग भी काफी उत्साहित हैं। - वरुण पांडेय, एडीएम वित्त।
हजारों बेरोजगारों को मिलेगा रोजगार
झांसी। बीडा में टाउनशिप, होटल, मॉल, प्रोसेसिंग यूनिट, मल्टीप्लेक्स, रिसोर्ट, बड़े अस्पताल, स्कूल, कालेज और बड़े पार्क तक बनेंगे। ऐसे में तय मानिए कि हजारों बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा। क्योंकि जिस तरह से बड़ी फैक्टरी आने की बात की जा रही है उस हिसाब से रोजगार के द्वार यहां खुलेंगे।